मोहाली 7 जनवरी ( जगदीश कुमार) कौमी इंसाफ मोर्चा की ओर से आज आयोजित सभा को संबोधित करते हुए निहंग जत्थेदार बाबा राज सिंह राजा ने कहा कि यह मोर्चा पिछले तीन वर्षों से लगातार यहां पर लगा हुआ है, लेकिन अब तक सरकार और प्रशासन ने उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। उन्होंने कहा कि यह मोर्चा केवल विरोध नहीं, बल्कि इंसाफ की लड़ाई है, जो शांतिपूर्ण ढंग से लड़ी जा रही है।बाबा राज सिंह राजा ने कहा कि आज बुलाई गई इस सभा का मुख्य उद्देश्य बंदी सिंहों की रिहाई की मांग को एक बार फिर मजबूती से उठाना है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई निर्दोष बंदी सिंह वर्षों से जेलों में बंद हैं, जिनके खिलाफ न तो ठोस सबूत हैं और न ही उन्हें न्याय मिला है। इसके बावजूद उनकी रिहाई की दिशा में कोई गंभीर कदम नहीं उठाया जा रहा।
उन्होंने न्याय व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि दूसरी ओर ऐसे लोग, जो दोषी और बलात्कारी हैं, उन्हें बार-बार कानून का लाभ दिया जा रहा है। बाबा राज सिंह राजा ने बताया कि ऐसे अपराधी अब तक 15 बार पैरोल पर जेल से बाहर आ चुके हैं, जो न्याय प्रणाली की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है। जत्थेदार ने कहा कि यह स्थिति न केवल पीड़ितों के साथ अन्याय है, बल्कि समाज में गलत संदेश भी दे रही है। उन्होंने मांग की कि निर्दोष बंदी सिंहों को तुरंत रिहा किया जाए और संगीन अपराधों में दोषी पाए गए लोगों को किसी भी तरह की रियायत न दी जाए।सभा के दौरान कौमी इंसाफ मोर्चा से जुड़े कई सिख संगठनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और संगत ने भी अपने विचार रखे और एक स्वर में सरकार से न्याय की मांग की। वक्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।अंत में बाबा राज सिंह राजा ने कहा कि कौमी इंसाफ मोर्चा तब तक जारी रहेगा, जब तक निर्दोषों को इंसाफ और दोषियों को सख्त सजा नहीं मिल जाती।