पंजाब 27 जनवरी 2026 (दैनिक खबरनामा) पंजाब सरकार की पर्यावरण-अनुकूल और दूरदर्शी पहल के तहत मोहाली नगर निगम द्वारा घर-घर से अलग-अलग कचरा एकत्र करने की प्रमुख योजना की शुरुआत 28 जनवरी 2026 को की जा रही है। इस अभियान का औपचारिक शुभारंभ सुबह 9 बजे नगर निगम कार्यालय भवन से मोहाली के विधायक श्री कुलवंत सिंह द्वारा किया जाएगा।नगर निगम कमिश्नर परमिंदरपाल सिंह, आईएएस ने जानकारी देते हुए बताया कि इस योजना के तहत घरों और कार्यालयों में ही कचरे को स्रोत पर अलग-अलग करना अनिवार्य होगा। कचरे को गीला, सूखा और हानिकारक श्रेणियों में विभाजित किया जाएगा, जिससे मिश्रित कचरे की मात्रा में कमी आएगी और उसके निपटान की प्रक्रिया अधिक तेज और प्रभावी बनेगी। इस प्रणाली को रिसोर्स मैनेजमेंट सेंटरों और जगतपुरा स्थित 150 टन क्षमता वाले आधुनिक प्लांट से जोड़ा गया है,जहां वैज्ञानिक तरीके से कचरे का निष्पादन किया जाएगा।उन्होंने बताया कि गार्बेज वल्नरेबल प्वाइंट्स” को समाप्त करने, मैकेनिकल रोड स्वीपिंग और निजी ठेकेदारों की विशेष गाड़ियों को शामिल कर यह अभियान शहर में साफ-सुथरा और व्यवस्थित कचरा प्रबंधन सुनिश्चित करेगा। यह पूरी योजना नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल और पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स, 2016 के अनुरूप है।
कमिश्नर ने कहा कि पंजाब के प्रमुख निवेश केंद्र के रूप में उभर रहे मोहाली में आईटी सिटी, एरोसिटी, मेडिसिटी, अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा कॉरिडोर और उच्च स्तरीय शैक्षणिक व चिकित्सा संस्थानों की मौजूदगी को देखते हुए विश्व-स्तरीय नागरिक सेवाओं की आवश्यकता है। विधायक कुलवंत सिंह के नेतृत्व और पंजाब सरकार के “6-आर सिद्धांत” (रिफ्यूज, रिड्यूस, रीयूज, रीसाइकिल, रीडिज़ाइन और रिसर्च) के अनुरूप यह योजना टिकाऊ शहरी प्रशासन का मॉडल बनेगी। इसके तहत गीले कचरे से खाद निर्माण, सूखे कचरे की रीसाइक्लिंग, यूजर फीस, कचरा फैलाने पर जुर्माना और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस अवसर पर जॉइंट कमिश्नर जसजीत सिंह ने बताया कि शहरवासियों के लिए शिकायत निवारण की मजबूत व्यवस्था नगर निगम मोहाली के आधिकारिक पोर्टल और अन्य सार्वजनिक माध्यमों से उपलब्ध होगी। आधार से जुड़ी पारदर्शी टेंडर प्रक्रिया के माध्यम से जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी। घर-घर से अलग-अलग कचरा संग्रहण, मैकेनिकल स्वीपिंग और वैज्ञानिक निपटान के इस समग्र मॉडल से मोहाली को स्वच्छ, स्वस्थ और हरित स्मार्ट शहर के रूप में विकसित किया जाएगा।