पंजाब 20 जनवरी( दैनिक खबरनामा )पंजाब लुधियाना। शहरी सार्वजनिक सुरक्षा को मजबूत करने और पशु कल्याण को बढ़ावा देने की दिशा में पंजाब सरकार ने एक ऐतिहासिक पहल की है। पंजाब के स्थानीय निकाय, उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री संजेव अरोड़ा ने रविवार को लुधियाना के हैबोवाल डेयरी कॉम्प्लेक्स में राज्य के पहले डॉग सैंक्चुअरी (कुत्ता आश्रय केंद्र) का उद्घाटन किया।इस अवसर पर मंत्री संजीव अरोड़ा ने इसे एक अग्रणी और दूरदर्शी परियोजना बताते हुए कहा कि इस सैंक्चुअरी का मुख्य उद्देश्य शहर में बढ़ती कुत्तों के काटने की घटनाओं को कम करना, साथ ही आवारा कुत्तों को चिकित्सा सुविधा, सुरक्षित आश्रय और मानवीय देखभाल उपलब्ध कराना है।उन्होंने बताया कि यह डॉग सैंक्चुअरी करीब 500 कुत्तों को रखने की क्षमता रखती है और इसे पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया गया है।“यदि यह परियोजना सफल रहती है, तो भविष्य में पंजाब के अन्य शहरों में भी इसी तरह के डॉग सैंक्चुअरी स्थापित किए जाएंगे,” मंत्री ने कहा।मंत्री अरोड़ा ने कहा कि इस परियोजना के शुभारंभ के साथ लुधियाना के लोगों से किया गया एक अहम चुनावी वादा पूरा हुआ है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सैंक्चुअरी का संचालन सुप्रीम कोर्ट द्वारा समय-समय पर जारी सभी दिशा-निर्देशों और नियमों के अनुसार किया जाएगा और सभी प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन होगा।उन्होंने पशु चिकित्सक डॉ. सुलभा जिंदल और प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके सहयोग से यह जनहितकारी परियोजना संभव हो सकी है।मंत्री ने यह भी कहा कि आवारा कुत्तों से जुड़ी समस्याएं फिलहाल सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान में हैं और बढ़ती डॉग बाइट की घटनाओं पर अदालत राज्यों पर जुर्माना भी लगा सकती है, ऐसे में यह पहल बेहद जरूरी है।
डॉ. सुलभा जिंदल और उनकी टीम की सराहना करते हुए मंत्री ने कहा कि जनभागीदारी और सामाजिक सहयोग से यह परियोजना धरातल पर उतर पाई है।अंत में मंत्री अरोड़ा ने दोहराया कि पंजाब सरकार लोगों के हितों को सर्वोपरि रखते हुए प्रदेश के समग्र विकास, सार्वजनिक सुरक्षा, नागरिक सुविधाओं और मानवीय शासन को सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है।