नई दिल्ली 17 जनवरी (दैनिक खबरनामा) नई दिल्ली भारतीय रेलवे ने जनवरी 2026 से शुरू होने वाली अमृत भारत II एक्सप्रेस ट्रेनों के लिए किराया और बुकिंग से जुड़े कई नए नियम लागू कर दिए हैं। रेलवे बोर्ड द्वारा जारी आदेश के अनुसार, इन ट्रेनों का किराया ढांचा और आरक्षण व्यवस्था पहले की अमृत भारत ट्रेनों से अलग होगी।नए नियमों के तहत बेसिक किराए में कोई बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन न्यूनतम यात्रा दूरी तय कर दी गई है। अब स्लीपर क्लास में यात्रा करने के लिए यात्रियों को कम से कम 200 किलोमीटर का किराया देना होगा, जो कि 149 रुपये है। चाहे यात्रा 100 किलोमीटर की ही क्यों न हो, स्लीपर क्लास के लिए 200 किलोमीटर का न्यूनतम किराया देना अनिवार्य होगा।वहीं, सेकेंड क्लास (अनारक्षित) के लिए न्यूनतम दूरी 50 किलोमीटर तय की गई है, जिसका किराया 36 रुपये होगा। इसके अलावा, रिजर्वेशन चार्ज और सुपरफास्ट सरचार्ज अलग से लिया जाएगा।स्लीपर क्लास में RAC की सुविधा खत्मअमृत भारत II एक्सप्रेस की स्ली पर क्लास में एक बड़ा बदलाव किया गया है।अब इस ट्रेन में RAC(Reservation Against Cancellation) टिकट की सुविधा नहीं होगी। एडवांस रिजर्वेशन पीरियड (ARP) के पहले ही दिन से सभी बर्थ यात्रियों के लिए उपलब्ध होंगी। हालांकि, अनारक्षित द्वितीय श्रेणी के लिए पुराने नियम यथावत रहेंगे।अब सिर्फ तीन कोटा ही मान्य स्लीपर क्लास में अब केवल तीन कोटा लागू होंगे महिला कोटा दिव्यांगजन कोटा वरिष्ठ नागरिक कोटा इनके अलावा कोई अन्य कोटा इस ट्रेन में लागू नहीं किया जाएगा।लोअर बर्थ को लेकर नई व्यवस्थारेलवे बोर्ड के अनुसार, 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के पुरुषों और 45 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाओं को उपलब्धता के आधार पर सिस्टम स्वचालित रूप से लोअर बर्थ आवंटित करने का प्रयास करेगा।यदि कोई यात्री ऐसे बच्चे के साथ यात्रा कर रहा है, जिसके लिए अलग बर्थ नहीं ली गई है, तो उसे भी लोअर बर्थ देने में प्राथमिकता दी जाएगी।रिफंड और डिजिटल भुगतान पर जोर रेलवे ने टिकट रिफंड प्रक्रिया को तेज करने के लिए नई नीति अपनाई है। अब कैंसिल किए गए टिकटों का रिफंड 24 घंटे के भीतर शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है।आरक्षित टिकटों के लिए भुगतान केवल डिजिटल माध्यम से स्वीकार किया जाएगा। काउंटर टिकट खरीदते समय भी डिजिटल भुगतान को प्राथमिकता दी जाएगी। यदि किसी कारणवश डिजिटल भुगतान संभव नहीं हो पाता, तो सामान्य नियमों के तहत रिफंड दिया जाएगा।