लखनऊ 30 (जगदीश कुमार)उत्तर भारत में छाए घने कोहरे का सीधा असर रेल यातायात पर देखने को मिल रहा है। लखनऊ से चलने और यहां से होकर गुजरने वाली ट्रेनों की रफ्तार सोमवार को पूरी तरह थमी नजर आई। खराब विजिबिलिटी के चलते 45 से अधिक ट्रेनें अपने तय समय से घंटों देरी से चलीं, जबकि एक प्रमुख ट्रेन को रद्द करना पड़ा। इससे हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।सुबह से ही लखनऊ जंक्शन, चारबाग और आसपास के रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ उमड़ पड़ी। प्लेटफॉर्म, वेटिंग रूम और स्टेशन परिसर यात्रियों से खचाखच भरे रहे। ठंड और कोहरे के बीच घंटों तक ट्रेन का इंतजार करना लोगों के लिए बेहद कठिन साबित हुआ।तेजस एक्सप्रेस लेट, पैसेंजर की छूटी फ्लाइट देरी का सबसे बड़ा असर तेजस एक्सप्रेस पर देखने को मिला। ट्रेन के कई घंटे लेट होने के कारण एक यात्री की फ्लाइट छूट गई, जिससे उसे आर्थिक नुकसान के साथ-साथ मानसिक तनाव भी झेलना पड़ा। यात्रियों ने रेलवे की सूचना प्रणाली पर भी सवाल उठाए और कहा कि समय पर सही जानकारी न मिलने से उनकी परेशानी और बढ़ गई।स्टेशन पर बिगड़ी मरीज की हालत
घंटों की देरी और ठंड के कारण स्टेशन पर मौजूद एक हार्ट पेशेंट की तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजनों ने रेलवे स्टाफ की मदद से उसे तत्काल प्राथमिक उपचार दिलवाया। इस घटना ने स्टेशन पर मौजूद यात्रियों को और भी चिंतित कर दिया।ठंड और इंतजार ने बढ़ाई मुश्किलें कई यात्रियों का कहना था कि खुले प्लेटफॉर्म पर बैठकर ठंड में ट्रेन का इंतजार करना बेहद मुश्किल हो गया। बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित नजर आए। कुछ यात्रियों ने स्टेशन पर कंबल और हीटर की व्यवस्था बढ़ाने की मांग भी की।
रेलवे का बयान रेलवे अधिकारियों के अनुसार, कोहरे के कारण दृश्यता काफी कम हो गई है, जिससे ट्रेनों की गति नियंत्रित करनी पड़ रही है। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ट्रेनों को धीमी गति से चलाया जा रहा है। अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा से पहले ट्रेन की स्थिति की जानकारी अवश्य लें।