दैनिक खबरनामा । चंडीगढ़, 17 जून : एग्रीगेटर पॉलिसी लागू न करने और प्रशासन द्वारा जारी नोटिसों का जवाब नहीं देने पर चंडीगढ़ प्रशासन ने ओला (एएनआई टेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड) के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसका एग्रीगेटर लाइसेंस छह महीने के लिए तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह आदेश 17 जून से लागू हो गया है।
प्रशासन की ओर से जारी सार्वजनिक नोटिस के अनुसार अब ओला प्लेटफॉर्म के माध्यम से शहर में कैब और बाइक टैक्सी सेवाओं का संचालन नहीं किया जा सकेगा। ओला से जुड़े सभी कैब और बाइक टैक्सी संचालकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे कंपनी के साथ अपने वाहन न चलाएं और ओला ऐप के जरिए किसी भी प्रकार की राइड बुकिंग स्वीकार न करें।
प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आदेशों का उल्लंघन करने वाले ऑपरेटरों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहनों के चालान काटे जाएंगे और जरूरत पड़ने पर उन्हें जब्त (इंपाउंड) भी किया जा सकता है।
यात्रियों को भी सलाह दी गई है कि वे किसी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए ओला ऐप के माध्यम से कैब बुक न करें और परिवहन सेवाओं के लिए प्रशासन के पास पंजीकृत अन्य वैकल्पिक प्लेटफॉर्म का उपयोग करें।
नोटिसों की अनदेखी बनी कार्रवाई की वजह
प्रशासन के अनुसार शहर में संचालित सभी एग्रीगेटर कंपनियों को एग्रीगेटर पॉलिसी लागू करने के निर्देश दिए गए थे। ओला को कई बार नोटिस जारी किए गए, लेकिन कंपनी ने न तो उनका जवाब दिया और न ही प्रशासन के साथ होने वाली बैठकों में प्रतिनिधि भेजे। इसी कारण उसके खिलाफ यह कार्रवाई की गई।
वहीं, शहर में संचालित अन्य एग्रीगेटर कंपनियों को भी नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर एग्रीगेटर पॉलिसी लागू करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने संकेत दिया है कि नियमों का पालन नहीं करने वाली अन्य कंपनियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है।
नई पॉलिसी में बढ़े किराए
चंडीगढ़ प्रशासन ने पिछले वर्ष एग्रीगेटर पॉलिसी की अधिसूचना जारी की थी, जिसके तहत कैब, ऑटो और बाइक टैक्सी सेवाओं के लिए न्यूनतम किराया और प्रति किलोमीटर दरें निर्धारित की गई थीं।
नई दरों के अनुसार 5-सीटर एसी और नॉन-एसी कैब का शुरुआती तीन किलोमीटर का न्यूनतम किराया 90 रुपये होगा, जबकि इसके बाद 25 रुपये प्रति किलोमीटर चार्ज किया जाएगा। पहले एसी कैब का किराया 18 रुपये प्रति किलोमीटर था।
इसी तरह 7-सीटर कैब के लिए शुरुआती तीन किलोमीटर का न्यूनतम किराया 100 रुपये निर्धारित किया गया है और इसके बाद 28 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से किराया लिया जाएगा। पहले यह दर 21 रुपये प्रति किलोमीटर थी।
ऑटो, ई-ऑटो और ई-रिक्शा के लिए भी नई दरें तय की गई हैं। अब शुरुआती तीन किलोमीटर के लिए 50 रुपये तक किराया लिया जाएगा, जबकि इसके बाद 13 रुपये प्रति किलोमीटर चार्ज किया जाएगा। पहले पहले किलोमीटर के लिए 19 रुपये और उसके बाद 9 रुपये प्रति किलोमीटर किराया निर्धारित था।
ओला के लाइसेंस निलंबन के बाद शहर में उससे जुड़े हजारों ड्राइवरों और यात्रियों पर सीधा असर पड़ने की संभावना है। वहीं, प्रशासन की इस कार्रवाई को एग्रीगेटर पॉलिसी लागू कराने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।