दैनिक खबरनामा । श्रीनगर, 24 जून : जम्मू-कश्मीर में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत सोपोर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए कथित ड्रग तस्करी से अर्जित संपत्ति को कुर्क किया है। पुलिस ने एनडीपीएस अधिनियम, 1985 के तहत एक दो मंजिला आवासीय मकान को जब्त किया, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये बताई जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुर्क की गई संपत्ति सोपोर के धारनंबल, तारजू क्षेत्र में स्थित है और यह मेहराज-उद-दीन शेख के नाम पर दर्ज है। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों और वित्तीय पड़ताल के आधार पर पुलिस ने दावा किया कि यह संपत्ति मादक पदार्थों की अवैध तस्करी से अर्जित धन से खरीदी गई थी। इसके बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए मकान को कुर्क कर लिया गया।
आर्थिक ढांचे पर सीधा वार
सोपोर पुलिस का कहना है कि नशा तस्करी के खिलाफ कार्रवाई केवल आरोपियों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है। अब अवैध कारोबार से अर्जित संपत्तियों को निशाना बनाकर पूरे नेटवर्क की आर्थिक जड़ों को कमजोर करने की रणनीति अपनाई जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, इस तरह की कार्रवाई न केवल अपराधियों की वित्तीय ताकत को कम करती है, बल्कि समाज में एक सख्त संदेश भी देती है कि अवैध गतिविधियों से अर्जित संपत्तियां सुरक्षित नहीं हैं।
जीरो टॉलरेंस नीति पर कायम पुलिस
पुलिस ने दोहराया है कि नशीले पदार्थों की तस्करी और इसके प्रसार के खिलाफ उसकी “जीरो टॉलरेंस” नीति जारी रहेगी। मादक पदार्थों के कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ उनकी अवैध संपत्तियों पर भी लगातार शिकंजा कसा जाएगा।
यह कार्रवाई केंद्र शासित प्रदेश में चल रहे “नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर” अभियान के तहत की गई है, जिसका उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रखना और समाज को सुरक्षित एवं स्वस्थ बनाना है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में भी ऐसे तत्वों के खिलाफ अभियान और तेज किया जाएगा।