नई दिल्ली 21 फरवरी 2026( दैनिक खबरनामा ) नई दिल्ली/शिमला। विक्रमादित्य सिंह ने शनिवार को नई दिल्ली में केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान से मुलाकात कर हिमाचल प्रदेश में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के तहत चल रही परियोजनाओं की समीक्षा की। बैठक में विशेष रूप से शिमला जिले के दुर्गम डोडरा क्वार क्षेत्र की लंबित सड़क परियोजनाओं पर चर्चा हुई।लोक निर्माण मंत्री ने अवगत कराया कि पीएमजीएसवाई चरण-1 के अंतर्गत स्वीकृत डोडरा क्वार सड़क का कुछ हिस्सा कठिन भौगोलिक परिस्थितियों, भारी बर्फबारी, सीमित कार्य अवधि और दुर्गम भू-संरचना के कारण अभी तक पूरा नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि यह मार्ग स्थानीय ग्रामीणों, सीमावर्ती इलाकों में आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य सेवाओं और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।विक्रमादित्य सिंह ने केंद्र सरकार से अनुरोध किया कि डोडरा क्वार के लंबित पैकेजों और चरण-1 के शेष कार्यों के लिए विशेष छूट, अतिरिक्त वित्तीय सहायता और तकनीकी सहयोग प्रदान किया जाए, ताकि क्षेत्र में सर्व-मौसम सड़क सुविधा जल्द उपलब्ध कराई जा सके।बैठक में बताया गया कि पीएमजीएसवाई चरण-4 के तहत हिमाचल को लगभग 1,500 किलोमीटर ग्रामीण सड़कों की स्वीकृति मिली है, जिनकी अनुमानित लागत करीब 2,300 करोड़ रुपये है। इसके अतिरिक्त राज्य सरकार ने लगभग 1,200 किलोमीटर और सड़कों का प्रस्ताव केंद्र को भेजा है, जिनके लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार किए जा रहे हैं।केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राज्य की मांगों पर सकारात्मक रुख दिखाते हुए आश्वासन दिया कि लंबित मामलों और वित्तीय स्वीकृतियों को संबंधित मंत्रालयों के साथ प्राथमिकता से उठाया जाएगा।वहीं, विक्रमादित्य सिंह ने जनप्रतिनिधियों, पंचायतों और भूमि स्वामियों से अपील की कि वे सड़क निर्माण के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने हेतु अधिक से अधिक गिफ्ट डीड दें, ताकि दूरस्थ और वंचित क्षेत्रों तक विकास कार्य तेजी से पहुंच सके। उन्होंने कहा कि मजबूत और सुरक्षित ग्रामीण सड़क नेटवर्क हिमाचल के संतुलित विकास की आधारशिला है।