चंडीगढ़ 27 जनवरी 2026 (जगदीश कुमार) चंडीगढ़।
चंडीगढ़ में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एएनटीएफ ने नशे की खेप सप्लाई करने आए एक युवक को गिरफ्तार किया है, जो आईटीबीपी के डिप्टी कमांडेंट का बेटा बताया जा रहा है। आरोपी के कब्जे से 10.1 ग्राम आइस (मेथामफेटामाइन) बरामद की गई है। आरोपी की पहचान अभिषेक चंदेल, निवासी बलटाना, जीरकपुर के रूप में हुई है।एएनटीएफ अधिकारियों के अनुसार आरोपी चंडीगढ़ में नशे की खेप सप्लाई करने के इरादे से आया था। इस संबंध में एएनटीएफ को गुप्त सूचना मिली थी, जिसके आधार पर टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सेक्टर-28 और आसपास के इलाकों में नाकाबंदी कर दी। नाकाबंदी के दौरान एक आई-20 कार में सवार युवक की गतिविधियां संदिग्ध नजर आईं।पुलिस टीम ने जब कार को रोकने का इशारा किया तो चालक ने रुकने के बजाय तेज़ रफ्तार में वाहन भगा दिया। इसके बाद एएनटीएफ की टीम ने सतर्कता दिखाते हुए संदिग्ध वाहन का पीछा किया और कुछ दूरी पर कार को घेरकर रोक लिया। वाहन को रोकने के बाद आरोपी को काबू में लेकर उसकी तलाशी ली गई।तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 10.1 ग्राम आइस बरामद हुई, जो एक खतरनाक सिंथेटिक ड्रग मानी जाती है। बरामदगी के बाद एएनटीएफ ने आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।एएनटीएफ अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि आरोपी नशे की सप्लाई चेन से जुड़ा हुआ था और चंडीगढ़ में ड्रग्स की डिलीवरी देने आया था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि नशे की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था। इसके साथ ही आरोपी के नेटवर्क, संपर्कों और संभावित सहयोगियों की भी गहन जांच की जा रही है।पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी पहले भी इस तरह की गतिविधियों में शामिल रहा है या नहीं। आरोपी के मोबाइल फोन, वाहन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है ताकि नशा तस्करी से जुड़े पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।एएनटीएफ अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि कानून सभी के लिए समान है और नशे के खिलाफ कार्रवाई में किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी, चाहे आरोपी किसी भी पृष्ठभूमि से क्यों न हो। चंडीगढ़ पुलिस का कहना है कि नशा तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।