चंडीगढ़ 17 फरवरी 2026 (दैनिक खबरनामा) चंडीगढ़। Postgraduate Institute of Medical Education and Research (पीजीआई) में 1 मार्च 2026 से हृदय रोगियों के लिए अलग कार्डियक इमरजेंसी सुविधा शुरू होने जा रही है। इस नई व्यवस्था के तहत दिल के मरीजों को सामान्य इमरजेंसी की भीड़ से अलग सीधे विशेषज्ञ उपचार उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे गंभीर मामलों में उपचार की गति तेज होगी।संस्थान में एडवांस्ड कार्डियक सेंटर की शुरुआत वर्ष 2009 में हुई थी, लेकिन लंबे समय से अलग कार्डियक इमरजेंसी की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। वर्तमान में पीजीआई में रोजाना पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और अन्य राज्यों से बड़ी संख्या में मरीज पहुंचते हैं। सामान्य इमरजेंसी में ट्रॉमा, सर्जरी और अन्य गंभीर बीमारियों के मरीजों की अधिकता के कारण हृदय संबंधी आपात मामलों को तुरंत संभालना चुनौतीपूर्ण हो जाता था।पीजीआई के निदेशक प्रो. विवेक लाल ने बताया कि दिल के मामलों में हर मिनट बेहद कीमती होता है। ऐसे में त्वरित जांच, ईसीजी, इंटरवेंशन और आवश्यक प्रक्रियाओं के लिए अलग व्यवस्था समय की बचत करेगी और मृत्यु दर कम करने में सहायक होगी।नई कार्डियक इमरजेंसी कार्डियोलॉजी, इमरजेंसी मेडिसिन, एनेस्थीसिया, अस्पताल प्रशासन और नर्सिंग सेवाओं के संयुक्त प्रयास से तैयार की गई है। यहां प्रशिक्षित विशेषज्ञों की टीम 24 घंटे उपलब्ध रहेगी। इससे न केवल दिल के मरीजों को केंद्रित और तेज उपचार मिलेगा, बल्कि मुख्य इमरजेंसी विभाग पर भी दबाव कम होगा।
संस्थान प्रशासन का मानना है कि यह पहल क्षेत्र के लाखों हृदय रोगियों के लिए राहत साबित होगी और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की गुणवत्ता में महत्वपूर्ण सुधार लाएगी।