दैनिक खबरनामा चंडीगढ़, 29 मई: पंजाब की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने प्रदेश के कई प्रमुख नेताओं को दिल्ली में होने वाली अहम बैठक के लिए बुलाया है। इस बैठक को पंजाब इकाई में संभावित संगठनात्मक बदलावों और आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी, सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा और वरिष्ठ नेता डॉ. अमर सिंह को बैठक में शामिल होने के निर्देश दिए गए हैं। माना जा रहा है कि पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पंजाब की राजनीतिक स्थिति और संगठन की मजबूती को लेकर इन नेताओं से विस्तार से चर्चा कर सकते हैं।
राजनीतिक जानकारों का कहना है कि यह बैठक केवल औपचारिक नहीं मानी जा रही, बल्कि इसके जरिए पार्टी पंजाब में नए नेतृत्व और नई रणनीति पर विचार कर सकती है। विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए संगठन को अधिक सक्रिय और प्रभावी बनाने की दिशा में बड़े निर्णय लिए जाने की संभावना जताई जा रही है।
प्रदेश कांग्रेस के भीतर पिछले कुछ समय से नेतृत्व परिवर्तन और संगठन में नई जिम्मेदारियों को लेकर चर्चाएं चल रही हैं। बताया जा रहा है कि कुछ वरिष्ठ नेताओं को नई भूमिकाएं दी जा सकती हैं ताकि चुनावी तैयारियों को तेज किया जा सके। साथ ही पार्टी युवाओं और अनुभवी नेताओं के बीच संतुलन बनाने की रणनीति पर भी काम कर रही है।
सूत्रों के मुताबिक प्रदेश अध्यक्ष पद को लेकर भी कई नामों पर विचार हो रहा है। वहीं चुनाव अभियान से जुड़ी जिम्मेदारियों में भी फेरबदल संभव माना जा रहा है। पार्टी के कई नेता मानते हैं कि पंजाब में मजबूत राजनीतिक मुकाबले के लिए संगठन को नए सिरे से सक्रिय करना जरूरी हो गया है।
हालांकि कांग्रेस की ओर से अभी तक किसी प्रकार की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन दिल्ली में होने वाली इस बैठक ने पंजाब कांग्रेस के भीतर राजनीतिक चर्चाओं को और तेज कर दिया है। अब सभी की निगाहें शीर्ष नेतृत्व के अगले फैसले पर टिकी हुई हैं।