दैनिक खबरनामा । श्रीनगर, 16 जून : जम्मू-कश्मीर विधानसभा की जन लेखा समिति (पीएसी) ने सरकारी विभागों में जवाबदेही और पारदर्शिता को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। सोमवार को विधानसभा सचिवालय में आयोजित समिति की बैठक में समीक्षा प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और परिणामोन्मुख बनाने पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष सुरजीत सिंह सलाथिया ने की। इस दौरान विधायक मुबारक गुल, शमीम फिरदौस, कैसर जमशेद लोन, अल्ताफ अहमद वानी (कालू) तथा अब्दुल मजीद भट (लारमी) सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक में समिति के सदस्यों ने पीएसी के सुचारू और प्रभावी संचालन के लिए पूर्ण सहयोग और प्रतिबद्धता व्यक्त की। सदस्यों ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि नियमों के तहत सभी सरकारी विभागों को समिति की टिप्पणियों और सिफारिशों पर की गई कार्रवाई का ब्यौरा देते हुए अपनी विस्तृत ‘एक्शन टेकन रिपोर्ट’ (ATR) निर्धारित छह माह की समय-सीमा के भीतर अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करनी होगी।
समिति ने स्पष्ट किया कि समयबद्ध ATR प्रस्तुत करने की व्यवस्था न केवल विभागीय कार्यप्रणाली में सुधार लाएगी, बल्कि सार्वजनिक धन के उपयोग पर निगरानी को भी अधिक प्रभावी बनाएगी। बैठक में प्रशासनिक जवाबदेही को सुदृढ़ करने और समीक्षा तंत्र को और अधिक परिणामकारी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझावों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
पीएसी का यह कदम जम्मू-कश्मीर में सुशासन, वित्तीय अनुशासन और पारदर्शी प्रशासन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।