महाराष्ट्र 12 फरवरी 2026( जगदीश कुमार) नागपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने पशु चिकित्सा के क्षेत्र में एक अलग और स्वायत्त वेटरनरी काउंसिल (Veterinary Council) की स्थापना की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि पशुओं के स्वास्थ्य, देखभाल और कल्याण से
जुड़े निर्णय पशु चिकित्सकों और विशेषज्ञों के हाथ में ही होने चाहिए।गुरुवार को नागपुर में महाराष्ट्र एनिमल एंड फिशरीज साइंसेज यूनिवर्सिटी के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भागवत ने कहा कि पशुधन देश की अर्थव्यवस्था और ग्रामीण जीवन का अहम हिस्सा है, ऐसे में पशुओं के इलाज और संरक्षण को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि पशुओं से जुड़े मामलों में निर्णय लेने की बागडोर उन्हीं लोगों को दी जानी चाहिए, जो इस क्षेत्र की गहरी समझ रखते हैं।आरएसएस प्रमुख ने उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे खेल में खिलाड़ियों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होती है, उसी तरह पशु चिकित्सा और पशुपालन के लिए भी ऐसे लोगों की जरूरत है जो इस विषय की तकनीकी और व्यावहारिक जानकारी रखते हों। उन्होंने कहा कि एक स्वतंत्र वेटरनरी काउंसिल से नीतियां अधिक प्रभावी बनेंगी और पशुओं के विकास एवं कल्याण को नई दिशा मिलेगी।भागवत ने यह भी संकेत दिया कि पशु चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए विशेषज्ञों को निर्णय प्रक्रिया में शामिल करना समय की जरूरत