मोहाली 29 दिसम्बर (जगदीश कुमार)1 घंटे पहले
चंडीगढ़ स्थित देश के प्रमुख चिकित्सा संस्थान पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च (PGI)में मंगलवार सुबह से कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों ने 24 घंटे की हड़ताल शुरू कर दी है। यह हड़ताल सुबह 6 बजे से लागू हुई, जिसमें बड़ी संख्या में कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी शामिल हैं। कर्मचारियों ने साफ तौर पर कहा है कि वे इस दौरान कोई काम नहीं करेंगे और साथ ही भूख हड़ताल पर भी बैठेंगे।रेगुलर करने की मांग पर अड़े कर्मचारी हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों की मुख्य मांग है कि उन्हें लंबे समय से कॉन्ट्रैक्ट पर काम करने के बावजूद रेगुलर नहीं किया जा रहा। कर्मचारियों का कहना है कि वे वर्षों से PGI में सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें स्थायी कर्मचारी का दर्जा नहीं मिला। इसी मांग को लेकर उन्होंने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
मरीजों को हो सकती है परेशानीPGI में रोजाना हजारों मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। यहां सिर्फ चंडीगढ़ ही नहीं, बल्कि पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और दिल्ली तक से मरीज आते हैं। ऐसे में हड़ताल का सीधा असर मरीजों पर पड़ने की आशंका है।हड़ताल के कारण अब अस्पताल में केवल करीब 1200 रेगुलर कर्मचारी ही सेवाएं संभाल रहे हैं, जिससे कई विभागों में दबाव बढ़ गया है।
PGI प्रशासन ने संभाली कमान हड़ताल के मद्देनज़र PGI प्रशासन ने मरीजों को कम से कम परेशानी हो, इसके लिए कई एहतियाती कदम उठाए हैं। प्रशासन के अनुसार:
इमरजेंसी और एडवांस ट्रॉमा सेंटर को पूरी तरह प्राथमिकता दी जाएगी।नियमित अस्पताल अटेंडेंट, नर्सिंग स्टाफ और सहायक कर्मचारियों को अतिरिक्त ड्यूटी पर लगाया गया है।
सभी विभागाध्यक्षों को मौके पर मौजूद रहकर व्यवस्थाएं संभालने के निर्देश दिए गए हैं।हड़ताल की अवधि के दौरान सभी कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं।
स्थिति पर बनी रहेगी नजर PGI प्रबंधन का कहना है कि हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है। वहीं, कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं और जब तक समाधान नहीं होता, आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दे चुके हैं।अब देखना होगा कि प्रशासन और कर्मचारियों के बीच बातचीत से कोई हल निकलता है या मरीजों को और अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।