दैनिक खबरनामा | 17 अगस्त | नई दिल्ली: केंद्रीय मंत्रिमंडल में संभावित फेरबदल और भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम के ऐलान के बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात ने राजनीतिक चर्चाओं को तेज कर दिया है। सोमवार को नई दिल्ली में हुई इस बैठक के बाद अटकलें लगने लगीं कि क्या फडणवीस महाराष्ट्र की राजनीति से निकलकर केंद्र की राजनीति में बड़ी भूमिका निभाने जा रहे हैं। हालांकि, मुख्यमंत्री ने इन चर्चाओं को खारिज करते हुए साफ कर दिया कि फिलहाल उनका फोकस महाराष्ट्र की जिम्मेदारी पर ही है।
दिल्ली जाने की चर्चाओं पर फडणवीस का जवाब
प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के बाद पत्रकारों से बातचीत में फडणवीस ने केंद्र की राजनीति में जाने की अटकलों पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि वे दिल्ली में हों या मुंबई में, उनके नाम को लेकर चर्चा करने वाले लोग हमेशा मौजूद रहते हैं।
मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि शायद कुछ लोगों के पास कोई और काम नहीं है, इसलिए उन्हें उनके बारे में चर्चा करने में आनंद आता है। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को चर्चा करने दीजिए।
फडणवीस ने अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि कुछ लोग भले ही उन्हें दिल्ली में देखना चाहते हों, लेकिन वह मुंबई में ही हैं। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र की जनता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें जो जिम्मेदारी दी है, उसे वह पूरी प्रतिबद्धता के साथ निभाते रहेंगे।
महाराष्ट्र की परियोजनाओं पर PM मोदी से हुई चर्चा
मुख्यमंत्री ने अपने दिल्ली दौरे का उद्देश्य भी स्पष्ट किया। उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री के साथ बैठक का केंद्र महाराष्ट्र से जुड़े विकास कार्य और राज्य की महत्वपूर्ण परियोजनाएं थीं।
बैठक में राज्य की प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं, औद्योगिक विकास से जुड़े अवसरों और केंद्र सरकार के स्तर पर लंबित आवश्यक मंजूरियों को लेकर चर्चा हुई। फडणवीस ने संकेत दिया कि उनका दिल्ली दौरा मुख्य रूप से महाराष्ट्र के विकास से जुड़े मुद्दों को आगे बढ़ाने के लिए था।
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम पर क्या बोले फडणवीस?
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन द्वारा घोषित नई राष्ट्रीय टीम को लेकर पूछे गए सवाल पर फडणवीस ने कहा कि वह अभी बैठक से बाहर आए हैं और उन्होंने पूरी सूची नहीं देखी है।
उन्होंने कहा कि यदि नई टीम में महाराष्ट्र के नेताओं को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है तो यह राज्य के लिए खुशी की बात है।
केंद्रीय मंत्रिमंडल में फेरबदल की चर्चा से बढ़ी हलचल
संसद के मॉनसून सत्र के समाप्त होने के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल में संभावित विस्तार और फेरबदल को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। हाल ही में धर्मेंद्र प्रधान, रवनीत सिंह बिट्टू और जॉर्ज कुरियन के इस्तीफों के बाद केंद्रीय मंत्रिपरिषद में कई महत्वपूर्ण पद खाली होने की बात सामने आई है।
इसके अलावा भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम में कुछ मौजूदा केंद्रीय मंत्रियों को संगठन की जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा और केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले की ओर से शरद पवार गुट के सरकार में शामिल होने के संकेतों ने भी राजनीतिक अटकलों को बढ़ाया है।
फडणवीस को केंद्र में लाए जाने की चर्चा सबसे पहले शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत के दावे के बाद जोर पकड़ने लगी थी। हालांकि, अब मुख्यमंत्री के खुद दिए बयान से फिलहाल इन अटकलों पर विराम लगता दिखाई दे रहा है।
फडणवीस के बयान से साफ है कि मौजूदा समय में वह महाराष्ट्र की मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी पर ही अपना ध्यान केंद्रित किए हुए हैं।