दैनिक खबर नंबर 28 मार्च 2026 पंजाब की राजनीति से जुड़ी एक दुखद खबर सामने आई है। प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता लाल सिंह का शनिवार को निधन हो गया। उन्होंने मोहाली स्थित मैक्स अस्पताल में अंतिम सांस ली। बताया जा रहा है कि वे लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे।लाल सिंह पंजाब की राजनीति का एक अनुभवी और प्रभावशाली चेहरा थे। उन्होंने कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार में वित्त मंत्री के रूप में अहम जिम्मेदारी निभाई। इसके अलावा वे पंजाब मंडी बोर्ड के अध्यक्ष भी रह चुके थे। उनकी पहचान एक सादगीपूर्ण और ईमानदार नेता के रूप में की जाती थी।उनके निधन की खबर से कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक की लहर दौड़ गई है। कई बड़े नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू, शिरोमणि अकाली दल के प्रमुख सुखबीर सिंह बादल और कांग्रेस नेता प्रगट सिंह समेत कई नेताओं ने गहरा दुख व्यक्त किया। बिट्टू ने अपने संदेश में कहा कि लाल सिंह एक अनुभवी नेता थे और पंजाब की प्रगति में उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।
राजनीतिक सफर की बात करें तो लाल सिंह पहली बार 1977 में डकाला विधानसभा सीट से विधायक बने थे। इसके बाद उन्होंने 2012 तक पांच बार इस क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। हालांकि, परिसीमन के बाद 1985 और 1997 के चुनावों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।साल 2012 में उन्होंने सनौर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा और 3907 वोटों के अंतर से जीत हासिल की। उन्हें 71,029 वोट मिले थे, जबकि उनके प्रतिद्वंदी को 67,122 वोट प्राप्त हुए। खास बात यह रही कि उनके खिलाफ कोई भी आपराधिक मामला दर्ज नहीं था।लाल सिंह के निधन से पंजाब की राजनीति में एक युग का अंत माना जा रहा है।