दैनिक खबरनामा। जसवां परागपुर (कांगड़ा), 18 अगस्त: पंचायती राज विभाग ने सभी जिला पंचायत अधिकारियों और BDO को पत्र भेजकर उन पंचायतों का ब्योरा मांगा है जिन्होंने ब्याज की आय छोड़कर अपने स्रोतों से हर साल 4 लाख रुपये या उससे ज्यादा कमाए हैं।
किन सालों का डाटा चाहिए
– वित्तीय वर्ष 2024-25
– वित्तीय वर्ष 2025-26
और ये डाटा पत्र जारी होने के 3 दिन के अंदर देना है। काम को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखने को कहा गया है।
क्यों मांगा जा रहा है
ये जानकारी “आत्मनिर्भर पंचायत कार्यक्रम” के तहत ली जा रही है। मकसद है:
1. बेहतर आय वाली पंचायतों की पहचान करना
2. उनकी कार्यप्रणाली और स्थानीय संसाधनों के इस्तेमाल को समझना
3. उनके मॉडल को बाकी पंचायतों के लिए रोल मॉडल बनाना ताकि सरकारी अनुदान पर निर्भरता कम हो
क्या फॉर्मेट मांगा है
हर जिले और ब्लॉक के हिसाब से: क्रम संख्या, जिला, विकास खंड, पंचायत का नाम, और दोनों सालों की “स्वयं के स्रोत से आय” अलग-अलग।
इस पहल से जिन पंचायतों ने जमीन लीज, मार्केट, भवन किराया, पर्यटन या स्थानीय उद्योग से कमाई की है वो सामने आएंगी। कांगड़ा के जिला पंचायत अधिकारी सचिन ठाकुर ने संयुक्त निदेशक विजय बरागटा के आदेशों की पुष्टि भी की है।