दैनिक खबरनामा | 9 अगस्त | ह्यूस्टन: अमेरिका के ह्यूस्टन में फास्ट-फूड से जुड़ा एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक कपल ने आरोप लगाया है कि उन्हें परोसे गए फ्राइड चिकन के टुकड़े के भीतर कंडोम जैसी दिखने वाली एक वस्तु मिली। घटना के बाद कपल ने मशहूर फास्ट-फूड चेन पोपेय्स के खिलाफ करीब 12.5 करोड़ रुपये के हर्जाने का मुकदमा दायर किया है।
चिकन काटते ही सामने आई अजीब चीज
घटना 25 जुलाई की बताई जा रही है। जस्टिन हॉवर्ड और डेनियल मैककिनन ने साउथ सैम ह्यूस्टन पार्कवे वेस्ट स्थित पोपेय्स के एक आउटलेट से फ्राइड चिकन मंगाया था। जस्टिन हॉवर्ड के अनुसार, चिकन खाते समय जब उन्होंने एक टुकड़े को काटा तो उसके अंदर उन्हें कंडोम जैसी नजर आने वाली चीज दिखाई दी।
3 अगस्त को हैरिस काउंटी डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में दाखिल की गई याचिका में कपल ने दावा किया कि इस दृश्य के बाद उन्होंने तुरंत खाना बंद कर दिया। दोनों को उल्टी जैसा महसूस होने लगा और उन्हें आशंका हुई कि कहीं उन्होंने कोई दूषित सामग्री तो नहीं खा ली। उनका कहना है कि उस समय उनके पास यह पता लगाने का कोई तरीका नहीं था कि चिकन में मिली वस्तु वास्तव में क्या थी और उनके भोजन का कितना हिस्सा इससे प्रभावित हो चुका था।
शिकायत करने पहुंचे तो कर्मचारियों पर लगाए गंभीर आरोप
कपल का आरोप है कि घटना के बाद वे शिकायत लेकर उसी पोपेय्स आउटलेट पर पहुंचे, लेकिन वहां उन्हें अपेक्षित गंभीरता नहीं मिली। मुकदमे के मुताबिक, कर्मचारियों ने उनकी शिकायत की जांच करने के बजाय उनका कथित तौर पर मजाक उड़ाया और बार-बार चिकन बदलकर नया ऑर्डर देने की पेशकश की।
कपल के अनुसार, काफी देर तक बहस और दबाव के बाद उन्हें आखिरकार उनके पैसे वापस किए गए।
इसके बाद उन्होंने पोपेय्स की पैरेंट कंपनी रेस्टोरेंट ब्रांड्स इंटरनेशनल, पोपेय्स लुइसियाना किचन और फ्रेंचाइजी संचालक आमाना बिजनेसेज को मामले में प्रतिवादी बनाया। मुकदमे में लापरवाही, असुरक्षित खाद्य प्रबंधन और टेक्सास के उपभोक्ता संरक्षण कानून के गंभीर उल्लंघन के आरोप लगाए गए हैं।
एक्टिविस्ट्स ने चिकन की बिक्री रोकने की मांग की
मामला सामने आने के बाद ह्यूस्टन के कुछ कम्युनिटी एक्टिविस्ट्स भी कपल के समर्थन में सामने आए। कैंडिस मैथ्यूज और क्वानेल एक्स समेत अन्य एक्टिविस्ट्स ने आउटलेट के मैनेजमेंट से मुलाकात की।
उन्होंने घटना की निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए यह भी कहा कि जांच पूरी होने तक संबंधित आउटलेट में चिकन की बिक्री पर रोक लगाई जानी चाहिए।
इस घटना ने अमेरिका में फास्ट-फूड आउटलेट्स में खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता के मानकों को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले में लगाए गए आरोपों की वास्तविकता और जिम्मेदारी का निर्धारण आगे की जांच और कानूनी प्रक्रिया के दौरान होगा।