दैनिक खबरनामा । चंडीगढ़, 24 जून : पंजाब सरकार ने राज्य की आशा वर्करों और आशा फैसिलिटेटरों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। सरकार ने उनके लिए विशेष जीवन बीमा योजना लागू करने का निर्णय लिया है, जिसके तहत दुर्घटना में मृत्यु होने पर 30 लाख रुपये और प्राकृतिक मृत्यु की स्थिति में पांच लाख रुपये का बीमा लाभ दिया जाएगा।
इस संबंध में जानकारी देते हुए पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े जमीनी स्तर के कर्मचारियों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि नई बीमा व्यवस्था से हजारों आशा वर्करों और उनके परिवारों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी।
इस घोषणा का स्वागत करते हुए आशा वर्कर्स एंड फैसिलिटेटर्स यूनियन पंजाब ने सरकार का आभार जताया। यूनियन प्रतिनिधियों ने कहा कि लंबे समय से उठाई जा रही यह मांग पूरी होने से आशा वर्करों के भविष्य को लेकर सुरक्षा की भावना मजबूत होगी।
बैठक के दौरान यूनियन ने केंद्र सरकार द्वारा बंद किए गए कुछ प्रशासनिक भत्तों का मुद्दा भी वित्त मंत्री के समक्ष रखा। इस पर चीमा ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से विस्तृत रिपोर्ट मांगी और आश्वासन दिया कि राज्य सरकार इस विषय को केंद्र सरकार के समक्ष प्रभावी ढंग से उठाएगी।
वित्त मंत्री ने विभिन्न विभागों से संबंधित अन्य कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ भी बैठकें कीं। इनमें परिवहन, कृषि और शिक्षा विभाग की यूनियनें शामिल थीं। बैठकों में कर्मचारियों की लंबित मांगों, ठेका कर्मचारियों के नियमितीकरण, वेतन संबंधी मुद्दों तथा सेवा शर्तों में सुधार जैसे विषयों पर चर्चा की गई।
सरकार की इस पहल को कर्मचारियों के हित में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे विशेष रूप से स्वास्थ्य क्षेत्र में कार्यरत आशा वर्करों को अतिरिक्त सुरक्षा और भरोसा मिलेगा।