हरियाणा 1 जनवरी 2026 (दैनिक खबरनामा) हरियाणा के पंचकूला में विदेश भेजने के नाम पर युवाओं से लाखों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ पंचकूला पुलिस की एंटी इमिग्रेशन फ्रॉड यूनिट ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पति-पत्नी समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से लोगों को यूरोप के लक्ज़मबर्ग देश में वर्क वीज़ा दिलाने का झांसा देते थे और चंडीगढ़ में फर्जी सेंटर संचालित कर ठगी को अंजाम देते थे।
पंचकूला से राजन राय की रिपोर्ट के अनुसार, इस मामले में पहले गिरफ्तार आरोपी से 50 हजार रुपये नकद बरामद किए गए हैं, जबकि पति-पत्नी आरोपियों से पुलिस रिमांड के दौरान गहन पूछताछ जारी है।ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से फंसाते थे शिकार मूल रूप से हिमाचल प्रदेश का रहने वाला और वर्तमान में पंचकूला निवासी शिकायतकर्ता एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए आरोपी के संपर्क में आया। आरोपी ने खुद को चंडीगढ़ सेक्टर-17 में कार्यालय संचालित करने वाला विदेश भेजने का अधिकृत एजेंट बताया। 30 अगस्त 2024 को शिकायतकर्ता को दस्तावेजों के साथ चंडीगढ़ बुलाया गया, जहां लक्ज़मबर्ग वर्क वीज़ा दिलाने के नाम पर उससे 1 लाख 55 हजार रुपये एडवांस के रूप में ले लिए गए।काफी समय बीतने के बावजूद न तो शिकायतकर्ता को विदेश भेजा गया और न ही उसकी रकम वापस की गई। खुद को ठगा महसूस करने पर पीड़ित ने पुलिस से संपर्क किया।मामला दर्ज, एंटी इमिग्रेशन फ्रॉड यूनिट को सौंपी जांचशिकायत के आधार पर थाना चंडीमंदिर में 23 जुलाई 2025 को भारतीय न्याय संहिता की धारा 316(2), 318(4) और इमिग्रेशन एक्ट की धारा 24 के तहत केस दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच एंटी इमिग्रेशन फ्रॉड यूनिट, पंचकूला को सौंपी गई।पहले आरोपी से बरामद हुए 50 हजार रुपये
एंटी इमिग्रेशन फ्रॉड यूनिट इंचार्ज इंस्पेक्टर योगविंद्र सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने कार्रवाई करते हुए 22 जनवरी को पहले आरोपी भतेह सिंह, निवासी जिला कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश), हाल किरायेदार मोहाली को गिरफ्तार किया। उसे 23 जनवरी को अदालत में पेश कर 3 दिन का पुलिस रिमांड लिया गया।पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपने हिस्से में आई 50 हजार रुपये की ठगी की राशि बरामद करवाई और अन्य आरोपियों के बारे में अहम जानकारियां दीं। रिमांड पूरा होने के बाद 26 जनवरी को उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।पति-पत्नी गिरफ्तार, चंडीगढ़ में 15 केस दर्ज
जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस टीम ने 29 जनवरी को इस गिरोह के अन्य दो आरोपियों अनुभव गर्ग निवासी संगरूर (पंजाब) और उसकी पत्नी आकांक्षा को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों के खिलाफ चंडीगढ़ में विदेश भेजने के नाम पर ठगी के करीब 15 मामले पहले से दर्ज हैं।दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर 2 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया है। रिमांड के दौरान पुलिस उनके हिस्से की ठगी की रकम बरामद करने के साथ-साथ अन्य पीड़ितों और पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।पुलिस की अपील: एजेंट की जांच जरूर करें डीसीपी पंचकूला सृष्टि गुप्ता ने आमजन से अपील की है कि विदेश जाने के इच्छुक लोग किसी भी एजेंट को पैसे देने से पहले उसकी वैधता, लाइसेंस और कार्यालय की पूरी जांच जरूर करें। केवल सरकारी रूप से पंजीकृत और अधिकृत एजेंटों के माध्यम से ही विदेश जाने की प्रक्रिया अपनाएं।उन्होंने कहा कि जल्दी वीज़ा, गारंटी या बड़े-बड़े दावों के झांसे में न आएं। यदि कोई व्यक्ति इस तरह की ठगी का शिकार होता है या उसे संदेह हो, तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाने या एंटी इमिग्रेशन फ्रॉड यूनिट से संपर्क करें।