दैनिक खबरनामा | जम्मू, 1 जून : वरिष्ठ कांग्रेस नेता ताज मोहिउद्दीन ने प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष तारिक हमीद करा की हालिया “डेडवुड” टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राजनीतिक दलों में मतभेद स्वाभाविक होते हैं, लेकिन उन्हें सार्वजनिक मंचों पर उछालने के बजाय संगठन के भीतर सुलझाया जाना चाहिए।
हाल ही में तारिक हमीद करा ने कहा था कि कांग्रेस के कुछ नेता “डेडवुड” बन चुके हैं और उन्हें नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) के नेतृत्व वाली सरकार के खिलाफ बयानबाजी से बचना चाहिए। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए ताज मोहिउद्दीन ने कहा कि किसी भी नेता को इस तरह की उपाधि देना न केवल अनुचित है, बल्कि इससे पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं का मनोबल भी प्रभावित होता है।
उन्होंने कहा, “हर राजनीतिक दल में मतभेद होते हैं, लेकिन साथी नेताओं के खिलाफ सार्वजनिक रूप से ऐसी टिप्पणियां करना सही नहीं है। कोई भी राजनेता पूरी तरह अप्रासंगिक नहीं होता। यदि किसी मुद्दे पर असहमति है, तो उसे पार्टी के अंदरूनी मंचों पर उठाया जाना चाहिए।”
यूटी व्यवस्था में सरकार की शक्तियां सीमित
जम्मू-कश्मीर की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर बोलते हुए ताज मोहिउद्दीन ने कहा कि केंद्र शासित प्रदेश (यूटी) की व्यवस्था के कारण निर्वाचित सरकार कई प्रकार की सीमाओं के बीच काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की शक्तियां एक पूर्ण राज्य की तुलना में काफी सीमित हैं और भाजपा ने ऐसी परिस्थितियां बनाई हैं, जिनसे निर्वाचित सरकार कई मामलों में बेबस नजर आती है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि चुनावी वादे करते समय सरकार को मौजूदा संवैधानिक ढांचे और उसकी सीमाओं का ध्यान रखना चाहिए था।
ताज मोहिउद्दीन ने कहा कि जम्मू-कश्मीर की वर्तमान राजनीतिक व्यवस्था में सरकार के सामने अनेक चुनौतियां हैं, जिसके चलते अपेक्षित फैसले लेना और सभी वादों को पूरा करना आसान नहीं है।