दैनिक खबरनामा ब्यूरो|लॉस एंजिल्स | 4 जून 2026: मंगल ग्रह के वातावरण और उसके विकासक्रम को समझने के लिए शुरू किया गया नासा का ऐतिहासिक ‘मेवेन’ (MAVEN) मिशन आखिरकार अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गया है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ने घोषणा की है कि अंतरिक्ष यान से लंबे समय से संपर्क न होने के कारण मिशन को औपचारिक रूप से समाप्त करने का निर्णय लिया गया है।

नासा के अनुसार, ‘मेवेन’ अंतरिक्ष यान को नवंबर 2013 में प्रक्षेपित किया गया था और सितंबर 2014 में उसने मंगल ग्रह की कक्षा में सफलतापूर्वक प्रवेश किया था। मूल रूप से इस मिशन की अवधि एक वर्ष निर्धारित की गई थी, लेकिन अंतरिक्ष यान ने उम्मीदों से कहीं अधिक प्रदर्शन करते हुए लगभग 11 वर्षों तक महत्वपूर्ण वैज्ञानिक जानकारी जुटाई।

एजेंसी ने बताया कि दिसंबर 2025 में मंगल ग्रह के पीछे से गुजरने के बाद अंतरिक्ष यान का पृथ्वी से संपर्क अचानक टूट गया था। इसके बाद वैज्ञानिकों ने उससे दोबारा संपर्क स्थापित करने के कई प्रयास किए, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली।

स्थिति की समीक्षा के लिए नासा ने एक विशेष जांच समिति गठित की थी। विस्तृत मूल्यांकन के बाद समिति ने निष्कर्ष निकाला कि अंतरिक्ष यान की तकनीकी स्थिति ऐसी नहीं रही कि उसे पुनः सक्रिय किया जा सके या वैज्ञानिक कार्यों के लिए उपयोग में लाया जा सके।

प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि मंगल ग्रह के पीछे से निकलने के बाद यान अनियंत्रित रूप से घूमने लगा था। इस कारण उसकी दिशा और कक्षीय स्थिति प्रभावित हुई, जिससे ऊर्जा प्रबंधन प्रणाली पर असर पड़ा और अंततः बैटरियां पूरी तरह समाप्त हो गईं। बिजली खत्म होने के बाद संचार प्रणाली भी बंद हो गई और यान पृथ्वी से संपर्क स्थापित नहीं कर सका।

हालांकि, नासा का कहना है कि तकनीकी विफलता के वास्तविक कारणों की जांच अभी जारी है और विस्तृत रिपोर्ट वर्ष के अंत तक जारी किए जाने की संभावना है।

एजेंसी अब मिशन के समापन की औपचारिक प्रक्रिया पूरी कर रही है। साथ ही, पिछले एक दशक में एकत्र किए गए वैज्ञानिक आंकड़ों और शोध सामग्री को सुरक्षित रखा जा रहा है, ताकि भविष्य में वैज्ञानिक समुदाय उनका उपयोग कर सके।

नासा के प्लैनेटरी साइंस डिवीजन की निदेशक लुईस प्रॉक्टर के अनुसार, मेवेन मिशन से प्राप्त जानकारियां मंगल ग्रह के वातावरण, विकिरण स्तर और भविष्य में मानव मिशनों की सुरक्षा आवश्यकताओं को समझने में बेहद महत्वपूर्ण साबित हुई हैं। उन्होंने कहा कि यह मिशन आने वाले मानव मंगल अभियानों की योजना बनाने में भी अहम भूमिका निभाएगा।

करीब एक दशक से अधिक समय तक सक्रिय रहने वाला मेवेन मिशन अब भले ही समाप्त हो गया हो, लेकिन इसके द्वारा जुटाए गए वैज्ञानिक निष्कर्ष मंगल ग्रह से जुड़े शोध और भविष्य के अंतरिक्ष अभियानों को लंबे समय तक दिशा देते रहेंगे।

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