मुंबई एयरपोर्ट पर कस्टम्स की बड़ी कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट से जुड़े होने की आशंका
दैनिक खबरनामा। मुंबई, 13 जून : पूर्व मिसेज केरल प्रतियोगी और मॉडल हर्षा सनी को मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कथित रूप से 11.82 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाली हाइड्रोपोनिक गांजा (मारिजुआना) की तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। बरामद मादक पदार्थों की अनुमानित कीमत 11.82 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
यह कार्रवाई उस समय की गई जब हर्षा सनी बैंकॉक से एयर इंडिया की उड़ान से मुंबई पहुंची थीं। कस्टम्स विभाग के एयर इंटेलिजेंस यूनिट (AIU) और अन्य अधिकारियों ने 10-11 जून 2026 की रात नियमित सुरक्षा जांच के दौरान संदिग्ध गतिविधियों और यात्री प्रोफाइलिंग के आधार पर उन्हें रोका।
ट्रॉली बैग से मिले 12 पैकेट
अधिकारियों द्वारा की गई विस्तृत तलाशी में हर्षा सनी के चेक-इन ट्रॉली बैग से 12 वैक्यूम-सीलबंद प्लास्टिक पैकेट बरामद किए गए। मौके पर किए गए फील्ड टेस्ट में इन पैकेटों में प्रीमियम गुणवत्ता की हाइड्रोपोनिक मारिजुआना होने की पुष्टि हुई।
एनडीपीएस अधिनियम के तहत मामला दर्ज
बरामदगी के बाद हर्षा सनी के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंसेस (NDPS) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। उन्हें फोर्ट स्थित एनडीपीएस अदालत में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
बचाव पक्ष ने बताया निर्दोष
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, हर्षा सनी के वकील अधिवक्ता प्रभाकर त्रिपाठी ने उनकी पूर्ण निर्दोषता का दावा किया है। बचाव पक्ष का कहना है कि हर्षा पर्यटन और नेल-आर्ट तथा मॉडलिंग करियर से जुड़े अवसरों की तलाश में बैंकॉक गई थीं।
वकील के अनुसार, यात्रा के दौरान उनकी एक व्यक्ति से मित्रता हुई, जिसने उनका विश्वास जीतकर उनसे सामान भारत लाने का अनुरोध किया। बचाव पक्ष का दावा है कि हर्षा को बैग में छिपाए गए मादक पदार्थों की कोई जानकारी नहीं थी और वह अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करों के जाल में फंस गईं।
जांच जारी, बड़े नेटवर्क की तलाश
कस्टम्स विभाग मामले की गहन जांच कर रहा है। जांच एजेंसियां हर्षा सनी के मोबाइल रिकॉर्ड, यात्रा विवरण और वित्तीय लेन-देन की जांच कर रही हैं। अधिकारियों का मानना है कि इस मामले के तार एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं।
जांचकर्ताओं का मुख्य उद्देश्य भारत में मादक पदार्थों के संभावित प्राप्तकर्ताओं की पहचान करना और इस उच्च मूल्य की खेप के पीछे सक्रिय अंतरराष्ट्रीय तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करना है।