दैनिक खबरनामा । नाहन, 26 जून : उत्तराखंड के कर्णप्रयाग में करीब दस दिन पहले पार्किंग को लेकर हुए विवाद के बाद पंजाब से श्री हेमकुंड साहिब यात्रा पर निकले निहंग श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों के बीच तनाव बढ़ गया था। यह विवाद गुरुवार रात उस समय और गंभीर हो गया जब हिमाचल-उत्तराखंड के कुल्हाल बॉर्डर को लगभग तीन घंटे तक बंद करना पड़ा। देर रात निहंग जत्था बैरिकेड तोड़ते हुए देहरादून पहुंच गया।
देहरादून में मध्यरात्रि के दौरान उत्तराखंड प्रशासन और निहंग प्रतिनिधियों के बीच बातचीत हुई। अधिकारियों ने स्थिति को शांतिपूर्वक सुलझाने और हिरासत में लिए गए चार निहंग सिंहों की रिहाई के मुद्दे पर निर्णय लेने के लिए दो दिन का समय मांगा।
इसके बाद शुक्रवार दोपहर निहंगों का जत्था देहरादून से रवाना होकर गुरु गोविंद सिंह गुरुद्वारा, पांवटा साहिब पहुंचा, जहां वे अगले दो दिनों तक रुकने वाले हैं। प्रशासन के फैसले के बाद ही वे आगे की रणनीति तय करेंगे। शुक्रवार शाम तक लगभग 300 से 350 निहंग गुरुद्वारा परिसर में पहुंच चुके थे।
इस बीच, शुक्रवार दोपहर कुल्हाल बॉर्डर को करीब एक घंटे के लिए फिर से बंद किया गया, जिसे बाद में स्थिति सामान्य होने पर खोल दिया गया। जिन यात्रियों को वैकल्पिक मार्गों की जानकारी थी, वे अन्य रास्तों से देहरादून पहुंचे।
शाम तक देहरादून, यमुनानगर और चंडीगढ़ की ओर यातायात सामान्य हो गया। पांवटा साहिब पहुंचने के बाद निहंग समूह ने एक वीडियो संदेश जारी कर बताया कि उत्तराखंड सरकार ने दो दिन का समय मांगा है। इसके बाद उन्हें गिरफ्तार चार साथियों से मिलवाया जाएगा और दोनों पक्षों के बीच समझौते की दिशा में कदम उठाए जाएंगे।
वहीं, जिला सिरमौर के पुलिस अधीक्षक निश्चित सिंह नेगी ने बताया कि हिमाचल प्रदेश की सीमा में यातायात पूरी तरह सामान्य है।