दैनिक खबरनामा। नई दिल्ली, 23 जुलाई: हनीमून के दौरान पति की हत्या के आरोप में जेल में बंद सोनम रघुवंशी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। अदालत ने गुरुवार को उसे दी गई जमानत निरस्त कर दी और तीन सप्ताह के भीतर पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया।
जस्टिस एम एम सुंदरेश और जस्टिस पी बी वराले की पीठ ने मेघालय सरकार की उस याचिका पर सुनवाई की जिसमें सोनम को मिली जमानत को चुनौती दी गई थी। कोर्ट ने सरकार की दलीलें स्वीकार करते हुए जमानत रद्द कर दी। पीठ ने साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि यदि मुकदमा अगले छह महीने में शुरू होकर पूरा नहीं होता है, तो सोनम फिर से जमानत के लिए नई अर्जी लगा सकती है।
सोनम रघुवंशी मध्य प्रदेश के इंदौर की निवासी है। पिछले साल जून में उसे अपने बिजनेसमैन पति राजा रघुवंशी की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस के अनुसार सोनम और राजा 23 मई 2025 को मेघालय के सोहरा क्षेत्र में घूमने गए थे। इसी दौरान दोनों लापता हो गए थे। तलाश के बाद 2 जून 2025 को राजा का शव एक गहरी खाई से बरामद हुआ था। जांच एजेंसी का आरोप है कि सोनम ने आर्थिक लाभ के लिए पेशेवर हमलावरों के साथ मिलकर पति की हत्या की योजना बनाई थी।
अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सोनम को 3 हफ्ते के अंदर सरेंडर करना होगा।