दैनिक खबरनामा। कोलकाता, 7 जून 2026: पश्चिम बंगाल में विभिन्न आपराधिक और भ्रष्टाचार संबंधी मामलों को लेकर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कई नेताओं और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ कार्रवाई का सिलसिला जारी है। कहीं पुलिस गिरफ्तारियां कर रही है तो कहीं नेताओं को जनता के तीव्र विरोध का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने TMC नेता का सिर मुंडवाकर पहनाई जूतों की माला
हावड़ा जिले के अमरदहा गांव में तृणमूल नेता संन्यासी मान्ना के खिलाफ लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों का आरोप है कि वह सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के नाम पर लोगों से अवैध रूप से पैसे वसूलता था। नाराज लोगों ने उसका सिर मुंडवाकर जूतों की माला पहनाई और गांव में घुमाया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसे भीड़ से बचाकर मामले की जांच शुरू की।
साड़ियों के ढेर में छिपा मिला ब्रह्मानंद चक्रवर्ती
हावड़ा के आमता क्षेत्र में पुलिस ने 2021 के विधानसभा चुनावों के बाद हुई हिंसा से जुड़े एक मामले में तृणमूल कार्यकर्ता ब्रह्मानंद चक्रवर्ती को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी से बचने के लिए वह एक घर में साड़ियों के ढेर के नीचे छिपा हुआ था। छापेमारी के दौरान उसे वहीं से पकड़ा गया। भाजपा नेताओं का दावा है कि उसके खिलाफ चुनाव बाद हिंसा से संबंधित शिकायतें लंबे समय से लंबित थीं।
पूर्व विधायक और पार्षद भी पुलिस के शिकंजे में
पश्चिम मेदिनीपुर जिले के शालबनी क्षेत्र से तृणमूल के पूर्व विधायक सुकुमार हाजरा को एक महिला के साथ कथित दुर्व्यवहार और मारपीट के मामले में गिरफ्तार किया गया है।
वहीं, कोलकाता नगर निगम के वार्ड-39 के पार्षद मोहम्मद जसीमुद्दीन को नाबालिग के यौन उत्पीड़न और रियल एस्टेट से जुड़े एक मामले में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के दौरान लोगों ने उनके खिलाफ प्रदर्शन करते हुए अंडे भी फेंके। इसके अलावा, कोलकाता नगर निगम के पार्षद बप्पादित्य दासगुप्ता को कथित वसूली के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
कई अन्य नेताओं का भी हुआ विरोध
नदिया जिले के नवद्वीप में नगरपालिका चेयरमैन बिमल कृष्ण साहा को स्थानीय समस्याओं को लेकर लोगों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। वहीं, हावड़ा के बाली विधानसभा क्षेत्र से तृणमूल के पूर्व प्रत्याशी कैलाश मिश्रा को बिहार के मधुबनी से गिरफ्तार किया गया। उनके खिलाफ वसूली, मारपीट, धमकी और दबाव बनाने समेत कई मामलों में प्राथमिकी दर्ज बताई गई हैं। इसी बीच, कामारहाटी से तृणमूल विधायक मदन मित्रा के वाहन पर भी प्रदर्शनकारियों ने अंडे फेंके। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि क्षेत्र की समस्याओं और भ्रष्टाचार के मुद्दों पर जनप्रतिनिधियों द्वारा पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
बंगाल में हाल के दिनों में तृणमूल नेताओं के खिलाफ हो रही गिरफ्तारियों, कानूनी कार्रवाइयों और जनविरोध की घटनाओं ने राज्य की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है।