दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 05 अगस्त 2026. पंजाब सरकार ने प्रदेश की बिजली व्यवस्था को अधिक आधुनिक, सक्षम और विश्वसनीय बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में रीवैंप्ड डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर स्कीम के तहत लगभग 5,000 करोड़ रुपये की लागत से बिजली वितरण ढांचे को सुदृढ़ करने के व्यापक कार्य किए जा रहे हैं। यह जानकारी बिजली मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद ने बुधवार को दी।
उन्होंने बताया कि इस योजना के माध्यम से पूरे राज्य में बिजली वितरण नेटवर्क को उन्नत किया जा रहा है, ताकि उपभोक्ताओं को बेहतर गुणवत्ता वाली निर्बाध बिजली उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि मई माह से किसानों को प्रतिदिन आठ घंटे से अधिक लगातार बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है, जिससे खेती संबंधी कार्यों में किसी प्रकार की बाधा नहीं आ रही।
बिजली मंत्री ने बताया कि वितरण प्रणाली को मजबूत करने के लिए अब तक 1,296 नए 11 केवी फीडर स्थापित किए जा चुके हैं। इसके साथ ही ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बढ़ती बिजली मांग को पूरा करने के उद्देश्य से 1,12,195 नए वितरण ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं, जिससे नेटवर्क की क्षमता और विश्वसनीयता में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
उन्होंने कहा कि ट्रांसमिशन व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए 663 सर्किट किलोमीटर लंबी 66 केवी लाइनों का विस्तार एवं उन्नयन किया गया है, जबकि 355 सर्किट किलोमीटर नई 66 केवी ट्रांसमिशन लाइनें भी बिछाई गई हैं। इन कार्यों से बिजली आपूर्ति प्रणाली की दक्षता और क्षमता दोनों में वृद्धि हुई है।
बठिंडा क्षेत्र में चल रहे ट्रांसमिशन सुधार कार्यों की जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि फूल और भाई रूपा के 66 केवी उपकेंद्रों को अधिक भरोसेमंद बिजली आपूर्ति उपलब्ध कराने के लिए लहरा मुहब्बत स्थित गुरु हरगोबिंद ताप बिजली संयंत्र से फूल तक नई समर्पित 66 केवी ट्रांसमिशन लाइन बिछाई जा रही है। 13.2 सर्किट किलोमीटर लंबी इस परियोजना में से 11.08 सर्किट किलोमीटर कार्य पूरा हो चुका है, जबकि शेष कार्य भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि अंतरिम व्यवस्था के तहत पंजाब राज्य विद्युत निगम ने भाई रूपा, महराज और फूल उपकेंद्रों के बीच बिजली भार का संतुलन स्थापित किया है। इसी व्यवस्था के चलते मई माह से किसानों को प्रतिदिन आठ घंटे से अधिक निर्बाध बिजली उपलब्ध कराई जा रही है।
तरुनप्रीत सिंह सौंद ने कहा कि राज्य सरकार बिजली क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को लगातार मजबूत कर रही है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से कृषि, उद्योग, व्यापार और घरेलू उपभोक्ताओं की बढ़ती जरूरतों के अनुरूप बिजली आपूर्ति और अधिक विश्वसनीय, गुणवत्तापूर्ण तथा प्रभावी बनेगी।