दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 17 अगस्त 2026
मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले ग्राम एवं वार्ड रक्षा समितियों के सदस्यों को सम्मानित किया। इसके साथ ही नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की अगले 2 सप्ताह तक व्यापक समीक्षा और जमीनी स्तर पर कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। इस पूरी प्रक्रिया का समापन 31 अगस्त को मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान की अध्यक्षता में होने वाली राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक के साथ होगा।
सरकार ने निर्णय लिया है कि राष्ट्रीय दिवसों तथा अन्य महत्वपूर्ण सरकारी अवसरों पर आयोजित होने वाले समारोहों में ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ से जुड़ी गतिविधियों को प्रमुखता से शामिल किया जाएगा। इस संबंध में फैसला 2 अगस्त को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह के दौरान लिया गया था।
इस पहल के तहत पूरे पंजाब में ग्राम रक्षा समितियों और वार्ड रक्षा समितियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले सदस्यों को नशे के खिलाफ पंजाब की लड़ाई में उनके सराहनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। सरकार का मानना है कि ऐसे सम्मान सामुदायिक स्तर पर नशे के खिलाफ सक्रिय रूप से काम कर रहे नागरिकों को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ अन्य लोगों को भी इस मुहिम से जुड़ने के लिए प्रेरित करेंगे।
जिला स्तर पर उपायुक्तों ने विधानसभा समन्वयकों और उप-विधानसभा समन्वयकों को सम्मानित किया, जबकि उपमंडल स्तर पर उपमंडल मजिस्ट्रेटों ने ब्लॉक समन्वयकों को सम्मानित किया। गांव स्तर पर स्कूलों और ग्राम पंचायतों में विशेष समारोह आयोजित किए गए, जहां सरपंचों तथा समुदाय के सदस्यों ने नशामुक्त पंजाब के निर्माण के लिए उल्लेखनीय प्रयास करने वाले ग्राम रक्षा समितियों के सदस्यों को सम्मानित किया।
राज्य के सभी 23 जिलों के उपायुक्तों को ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने में सक्रिय भूमिका निभाने वाले योग्य ग्राम एवं वार्ड रक्षा समिति सदस्यों की पहचान करने के निर्देश दिए गए थे।
नशा विरोधी अभियान के राज्य नोडल अधिकारी के कार्यालय द्वारा तैयार व्यापक कार्ययोजना के तहत 16 से 25 अगस्त तक प्रत्येक गांव में ग्राम रक्षा समितियों की बैठकें आयोजित की जाएंगी। इन बैठकों में नशा तस्करी से संबंधित शिकायतों की समीक्षा की जाएगी, पहले प्राप्त शिकायतों पर पुलिस और प्रशासन द्वारा की गई कार्रवाई की जानकारी ली जाएगी, लंबित मामलों की स्थिति पर नजर रखी जाएगी तथा नए सुझाव और जमीनी फीडबैक भी प्राप्त किया जाएगा।
इसके बाद 26 से 29 अगस्त के बीच जिला स्तर पर समीक्षा बैठकें आयोजित होंगी। इन बैठकों की अध्यक्षता कैबिनेट मंत्री करेंगे। बैठकों में प्रशासन एवं पुलिस अधिकारियों के साथ स्वास्थ्य विभाग के प्रतिनिधि तथा जिला, विधानसभा और ब्लॉक स्तर के समन्वयक शामिल होंगे। इस दौरान गांवों से प्राप्त फीडबैक की समीक्षा कर आगे की कार्रवाई के लिए आवश्यक निर्णय लिए जाएंगे।
पूरी समीक्षा प्रक्रिया का समापन 31 अगस्त को मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान की अध्यक्षता में होने वाली राज्य स्तरीय बैठक के साथ होगा। इसमें जिलावार प्रगति की समीक्षा की जाएगी और ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ अभियान के अगले चरण के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित सम्मान समारोहों के माध्यम से सरकार ने नशे के खिलाफ लड़ाई में सामुदायिक भागीदारी को और मजबूत करने का संदेश दिया है। सरकार का लक्ष्य ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ को केवल प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित रखने के बजाय इसे नशे के खिलाफ एक निरंतर, व्यापक और प्रभावी जनआंदोलन का रूप देना है।