पंजाब 9 फ़रवरी (दैनिक ख़बरनामा ) पंजाब में बिजली आपूर्ति व्यवस्था को लेकर पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (PSPCL) ने बड़ा फैसला लिया है। PSPCL विभाग की ओर से सरकारी विभागों के लिए नए आदेश जारी किए गए हैं, जिसके तहत अब सरकारी कनेक्शनों पर प्रीपेड बिजली मीटर लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। जानकारी के अनुसार यह आदेश 45 KVA तक के सभी सरकारी बिजली कनेक्शनों पर लागू होगा।सूत्रों के मुताबिक, नए आदेशों के तहत अब सरकारी विभागों को पहले प्रीपेड मीटर रिचार्ज करवाना होगा और उसके बाद ही बिजली सप्लाई मिलेगी। यानी अब बिजली बिल बाद में नहीं, बल्कि पहले भुगतान करना जरूरी होगा।
PSPCL के इस नए सिस्टम में जैसे ही रिचार्ज की गई राशि खत्म होगी, वैसे ही बिजली सप्लाई अपने आप बंद हो जाएगी। बिजली दोबारा चालू करवाने के लिए मीटर को फिर से रिचार्ज करना अनिवार्य होगा। विभाग का मानना है कि इस व्यवस्था से बिजली बिलों की बकाया राशि कम होगी और भुगतान प्रणाली पारदर्शी बनेगी।हालांकि, पंजाब में स्मार्ट बिजली मीटरों को लेकर पहले ही बड़े स्तर पर विरोध चल रहा है। किसान संगठनों सहित कई संगठनों ने स्मार्ट मीटर लगाने का विरोध करते हुए चेतावनी दी है कि यदि उनके क्षेत्रों में स्मार्ट मीटर लगाए गए तो उन्हें काटकर बिजली कार्यालय में जमा करवा दिया जाएगा।अब PSPCL के इस फैसले के बाद सरकारी विभागों में प्रीपेड मीटर लगाए जाने की प्रक्रिया तेज होने की संभावना है, जिससे आने वाले समय में बिजली व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।