दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 09 अगस्त 2026. पंजाब में तकनीकी शिक्षा को विश्वस्तरीय बनाने की दिशा में भगवंत सिंह मान सरकार ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। ‘पंजाब शिक्षा क्रांति’ के तहत तकनीकी शिक्षा एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग के 34 प्रिंसिपलों, विभाग प्रमुखों और वरिष्ठ अधिकारियों ने भारतीय प्रबंध संस्थान, अहमदाबाद में पांच दिवसीय ‘संस्थागत नेतृत्व एवं प्रदर्शन उत्कृष्टता कार्यक्रम’ सफलतापूर्वक पूरा किया।

3 से 7 अगस्त 2026 तक आयोजित इस आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेजों और औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों के नेतृत्व को मजबूत करना तथा संस्थानों को आधुनिक औद्योगिक जरूरतों के अनुरूप तैयार करना रहा। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों ने संस्थागत नेतृत्व, शासन व्यवस्था, आंकड़ों पर आधारित निर्णय, प्रदर्शन प्रबंधन, उद्योग से मजबूत संबंध, विद्यार्थियों की रोजगार क्षमता और बेहतर टीम निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों से प्रशिक्षण हासिल किया।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब सरकार का लक्ष्य केवल शिक्षण संस्थानों की संख्या बढ़ाना नहीं, बल्कि ऐसे संस्थान तैयार करना है जहां विद्यार्थियों को विश्वस्तरीय शिक्षा, आधुनिक प्रशिक्षण और रोजगार के लिए जरूरी कौशल मिल सकें। उन्होंने कहा कि आईआईएम अहमदाबाद जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रशिक्षण प्राप्त करके लौटने वाले प्रिंसिपल और वरिष्ठ अधिकारी अपने संस्थानों में नई सोच, नवाचार और बेहतर कार्यप्रणाली को लागू करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मजबूत संस्थागत नेतृत्व ही तकनीकी शिक्षा में स्थायी बदलाव की आधारशिला है। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों से सरकारी पॉलिटेक्निक और औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों को भविष्य की जरूरतों के लिए तैयार करने के सरकार के प्रयासों को और मजबूती मिलेगी।

शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने कहा कि सक्षम और अनुभवी प्रिंसिपल किसी भी सफल तकनीकी शिक्षा व्यवस्था की रीढ़ होते हैं। उन्होंने कहा कि आईआईएम अहमदाबाद जैसी प्रतिष्ठित संस्था में प्रशिक्षण के माध्यम से पंजाब के तकनीकी शिक्षा नेतृत्व की क्षमता, आत्मविश्वास और निर्णय लेने की दक्षता को मजबूत किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रशिक्षण का लाभ केवल अधिकारियों तक सीमित रखना नहीं है, बल्कि इससे प्राप्त नई कार्यप्रणालियों और विचारों को कक्षाओं, कार्यशालाओं और प्रशिक्षण प्रयोगशालाओं तक पहुंचाना है। इससे विद्यार्थियों को आधुनिक उद्योग की जरूरतों के अनुरूप बेहतर प्रशिक्षण मिल सकेगा।

प्रशिक्षण कार्यक्रम में आईआईएम अहमदाबाद के विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को व्यावहारिक उदाहरणों, वास्तविक संस्थागत परिस्थितियों, समूह परियोजनाओं, समस्या समाधान और चर्चा आधारित प्रशिक्षण के माध्यम से नेतृत्व कौशल विकसित करने के गुर सिखाए। कार्यक्रम में कुल 20 केंद्रित प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए गए।

पंजाब सरकार तकनीकी शिक्षा में उद्योग और शिक्षण संस्थानों के बीच दूरी कम करने के लिए भी कई कदम उठा रही है। डिप्लोमा विद्यार्थियों के लिए एक सेमेस्टर के बराबर अवधि की औद्योगिक प्रशिक्षण व्यवस्था शुरू की गई है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप शिक्षकों के लिए हर वर्ष न्यूनतम 40 घंटे का प्रशिक्षण भी लागू किया गया है।

इसके अलावा तकनीकी संस्थानों में उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने और आधुनिक मशीनरी उपलब्ध करवाने पर भी जोर दिया जा रहा है। सरकार अब तक छह सरकारी पॉलिटेक्निक संस्थानों को उन्नत कर चुकी है और अन्य संस्थानों को भी चरणबद्ध तरीके से आधुनिक बनाया जा रहा है।

सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज खूनीमाजरा की प्रिंसिपल रक्शा किरण ने कहा कि आईआईएम अहमदाबाद में संस्थागत नेतृत्व और उद्योग साझेदारी से जुड़े प्रशिक्षण ने उन्हें विद्यार्थियों और शिक्षकों को बेहतर ढंग से प्रेरित करने तथा उद्योगों के साथ प्रशिक्षण, इंटर्नशिप और रोजगार संबंधी सहयोग मजबूत करने के लिए नई रणनीतियां दी हैं।

सरकारी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान बस्सी पठाना के प्रिंसिपल कुलदीप सिंह ने कहा कि वास्तविक समस्याओं के समाधान, आंकड़ों पर आधारित संस्थागत योजना और मामले आधारित प्रशिक्षण से संस्थानों को अधिक जवाबदेह और विद्यार्थी-केंद्रित बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण से मिली सीख को पंजाब के अन्य तकनीकी संस्थानों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।

पंजाब सरकार ने तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक नेतृत्व विकास के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रोपड़, भारतीय प्रबंध संस्थान अमृतसर, भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान तथा राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान सहित प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ भी शैक्षणिक सहयोग बढ़ाया है। उद्योग जगत की प्रमुख संस्थाओं के साथ साझेदारी के माध्यम से विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभव और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध करवाने पर भी जोर दिया जा रहा है।

पंजाब में वर्तमान में 26 सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज और 137 सरकारी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान तकनीकी शिक्षा का आधार हैं। सरकार का लक्ष्य इन संस्थानों में ऐसा नेतृत्व तैयार करना है जो आधुनिक तकनीक, उद्योग की बदलती जरूरतों और विद्यार्थियों की रोजगार संबंधी अपेक्षाओं के अनुरूप शिक्षा व्यवस्था को आगे ले जा सके।

आईआईएम अहमदाबाद का यह प्रशिक्षण कार्यक्रम पंजाब शिक्षा क्रांति के उस व्यापक प्रयास का हिस्सा है, जिसके तहत राज्य सरकार स्कूल शिक्षा के साथ-साथ तकनीकी शिक्षा को भी आधुनिक, कौशल आधारित, उद्योगोन्मुख और विद्यार्थी-केंद्रित बनाने पर जोर दे रही है। इससे पंजाब के युवाओं को बेहतर प्रशिक्षण और रोजगार के लिए मजबूत आधार मिलने की उम्मीद है।

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