दैनिक खबरनामा। मनाली, 05 जून : मैदानी क्षेत्रों में भीषण गर्मी के चलते हिमाचल प्रदेश का रुख करने वाले पर्यटकों की संख्या में भारी बढ़ोतरी हुई है। इसका सीधा असर अटल टनल पर देखने को मिल रहा है, जहां वाहनों की आवाजाही निर्धारित क्षमता से कहीं अधिक पहुंच गई है। बढ़ते ट्रैफिक ने सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को लेकर नई चिंताएं खड़ी कर दी हैं।
जानकारी के अनुसार, हाल के दिनों में अटल टनल से एक ही दिन में करीब 11 हजार वाहनों का आवागमन दर्ज किया गया, जबकि इसकी मूल वहन क्षमता इससे काफी कम है। मनाली को लाहौल घाटी से जोड़ने वाली यह टनल पर्यटन सीजन में यात्रियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण मार्ग बन चुकी है।
प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने माना है कि लगातार बढ़ रहे यातायात दबाव को देखते हुए टनल की क्षमता, सुरक्षा और ट्रैफिक प्रबंधन की व्यापक समीक्षा की आवश्यकता है। इस संबंध में सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों को मिलकर समाधान तलाशने पर जोर दिया गया है।
लाहौल-स्पीति प्रशासन ने भी बढ़ती भीड़ और संभावित जोखिमों को देखते हुए टनल का सुरक्षा ऑडिट कराने की मांग उठाई थी। इसके बाद सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने हाल ही में अटल टनल का प्रारंभिक सुरक्षा निरीक्षण किया है। अधिकारियों के अनुसार रिपोर्ट मिलने के बाद आवश्यक सुधारात्मक कदम तय किए जाएंगे।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में पर्यटक सीजन के दौरान ट्रैफिक नियंत्रण, आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता, अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती और आपदा प्रबंधन व्यवस्था को और मजबूत करने पर विचार किया जा सकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वाहनों की संख्या इसी तरह बढ़ती रही तो अटल टनल में सुरक्षा मानकों और यातायात नियंत्रण के लिए अतिरिक्त उपायों को लागू करना आवश्यक हो जाएगा। राज्य सरकार ने भी स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।