दैनिक खबरनामा | 17 अगस्त | फर्रुखाबाद: सावन में कांवड़ भरने के लिए निकले शिवभक्तों के एक समूह पर सोमवार सुबह गंगा का तेज बहाव कहर बनकर टूटा। पांचाल घाट पर स्नान के दौरान शाहजहांपुर जिले के नयागांव खुदागंज के चार युवक गहरे पानी में चले गए और तेज धारा की चपेट में आकर लापता हो गए। इनमें तीन युवक एक ही परिवार से हैं। हादसे के बाद घाट पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में NDRF तथा स्थानीय गोताखोरों का तलाश अभियान जारी है।
रोकने के बावजूद गहरे पानी में चले गए युवक
जानकारी के अनुसार, नयागांव खुदागंज के 10 लोग रविवार देर रात पांच मोटरसाइकिलों से कांवड़ लेने पांचाल घाट पहुंचे थे। सोमवार तड़के करीब साढ़े चार बजे समूह के कुछ युवक उत्तरी बंधा के पास गंगा में स्नान करने लगे।
इसी दौरान योगेश (17), उसके चाचा विकास (25), चचेरे चाचा कमल (23) और गांव का ही अर्जुन (17) धीरे-धीरे गहराई की ओर बढ़ गए। घाट पर तैनात पुलिसकर्मियों और किनारे मौजूद उनके साथियों ने युवकों को आगे जाने से रोकते हुए चेतावनी दी थी। इसके बावजूद वे गहरे पानी में चले गए।
कुछ ही समय बाद चारों युवक तेज धारा में फंस गए और डूबने लगे। देखते ही देखते वे पानी में लापता हो गए। घटना के बाद घाट पर मौजूद लोगों में चीख-पुकार मच गई।
गांव में खबर पहुंचते ही परिवारों में मचा कोहराम
चार युवकों के गंगा में लापता होने की जानकारी मिलते ही खुदागंज गांव में मातम छा गया। परिजन रोते-बिलखते हुए पांचाल घाट पहुंचे।
लापता युवकों में 17 वर्षीय योगेश हाईस्कूल का छात्र है। 25 वर्षीय विकास छह भाइयों में सबसे छोटा है और इंटरमीडिएट की पढ़ाई पूरी करने के बाद आईटीआई कर रहा था। वहीं 23 वर्षीय कमल भी तीन भाइयों में सबसे छोटा बताया गया है।
परिजनों के अनुसार, कुछ युवक पानी-बताशे का ठेला लगाकर परिवार की आर्थिक मदद करते थे। हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है।
NDRF और स्थानीय गोताखोर तलाश में जुटे
चार युवकों के नदी में डूबने की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक आरती सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं। प्रशासन ने तत्काल NDRF की टीम और स्थानीय गोताखोरों को तलाश अभियान में लगाया।
गंगा का जलस्तर ऊंचा होने के साथ ही बहाव भी तेज है, जिसके कारण रेस्क्यू टीम को अभियान चलाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। दोपहर तक किसी भी लापता युवक का पता नहीं चल सका था।
सीओ सिटी अभय वर्मा ने बताया कि चारों युवकों की तलाश के लिए युद्ध स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है। हादसे के बाद घाट पर सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है। श्रद्धालुओं को गंगा के गहरे हिस्से में जाने से रोकने के लिए पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है।