दैनिक खबरनामा। शिमला, 7 जून 2026: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने 65 से 70 वर्ष आयु वर्ग के सभी पेंशनभोगियों के लंबित पेंशन एरियर के भुगतान को लेकर बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री ने वित्त विभाग को निर्देश दिए हैं कि सभी पात्र पेंशनभोगियों का एरियर अगले महीने जारी किया जाए। इसके लिए राज्य सरकार 250 करोड़ रुपये की आवश्यक धनराशि उपलब्ध करवाएगी।
मुख्यमंत्री ने कर्मचारियों के लंबित एरियर और महंगाई भत्ते (डीए) की समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि सरकारी कर्मचारी राज्य प्रशासन की रीढ़ हैं और उनकी सामाजिक तथा वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने कर्मचारियों के हित में पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) को बहाल किया है।
सुक्खू ने दावा किया कि ओपीएस की बहाली के बाद केंद्र सरकार ने हिमाचल प्रदेश को मिलने वाली लगभग 1,200 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता रोक दी। उन्होंने कहा कि यदि यह राशि उपलब्ध होती, तो कर्मचारियों के लंबित एरियर का भुगतान पहले ही किया जा सकता था। इसके बावजूद राज्य सरकार कर्मचारियों की मांगों पर संवेदनशीलता के साथ विचार कर रही है।
बैठक में वित्त विभाग के प्रधान सचिव देवेश कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव आशीष सिंहमार, वित्त विभाग के विशेष सचिव सौरभ जस्सल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
नीरज भारती विवाद पर भी बोले मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कांग्रेस नेता नीरज भारती का नाम लिए बिना उनके हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति नशे की हालत में बयान देता है, तो ऐसे बयान को गंभीरता से नहीं लिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह कोई बड़ा मुद्दा नहीं है।
एलपीजी कीमतों पर केंद्र सरकार को घेरा
मुख्यमंत्री ने घरेलू रसोई गैस सिलिंडर की बढ़ती कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि गैस सिलिंडर की कीमतें आम आदमी की जेब पर बोझ बन चुकी हैं। उनके अनुसार, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यकाल में घरेलू एलपीजी सिलिंडर लगभग 450 रुपये का था, जबकि वर्तमान समय में इसकी कीमत 1,000 रुपये से अधिक हो गई है।
उन्होंने यह भी कहा कि व्यावसायिक गैस सिलिंडर, जिसकी कीमत पहले लगभग 1,000 रुपये थी, अब 3,100 रुपये तक पहुंच चुकी है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उस बयान का समर्थन किया, जिसमें उन्होंने देश में आर्थिक संकट की आशंका जताई है। सुक्खू ने कहा कि हिमाचल प्रदेश पहले ही आर्थिक चुनौतियों का सामना कर चुका है और अब राज्य धीरे-धीरे उनसे उबर रहा है।