अन्नाद्रमुक नेता आर.बी. उदयकुमार का तंज—“अब तमिलनाडु को इंतजार है कि ट्रिशा को कब उपमुख्यमंत्री बनाया जाएगा”
दैनिक खबरनामा। चेन्नई, 11 अगस्त : तमिलनाडु की राजनीति में अभिनेत्री ट्रिशा कृष्णन को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (अन्नाद्रमुक) के नेता आर.बी. उदयकुमार ने मुख्यमंत्री और अभिनेता विजय पर निशाना साधते हुए सवाल किया कि आखिर ट्रिशा को तमिलनाडु का उपमुख्यमंत्री कब बनाया जाएगा।
उदयकुमार की यह टिप्पणी ऐसे समय सामने आई है, जब कुछ दिन पहले पूर्व उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन की ट्रिशा को लेकर की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी पर बड़ा विवाद हुआ था। उस मामले में उदयनिधि को पिछले सप्ताह गिरफ्तार किया गया था और करीब 10 घंटे बाद रिहा कर दिया गया।
विजय से जुड़े लोगों को सरकारी पद देने का आरोप
उदयकुमार का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें वह तमिलगा वेत्री कड़गम की सरकार पर मुख्यमंत्री विजय के करीबी लोगों को सरकारी पदों पर नियुक्त करने का आरोप लगाते सुनाई दे रहे हैं।
उन्होंने दावा किया कि विजय की फिल्मों से जुड़े निर्माता और तकनीकी क्षेत्र के लोगों को अलग-अलग सरकारी जिम्मेदारियां दी जा रही हैं। इसी क्रम में उन्होंने ट्रिशा को उपमुख्यमंत्री बनाए जाने की बात पर व्यंग्य किया।
उदयकुमार ने दावा किया कि विजय की फिल्म ‘गोट’ की निर्माता अर्चना कल्पथी को मंदिर न्यासी मंडल में सदस्य बनाया गया है। वहीं, विजय की फिल्म ‘जननायकन’ के निर्माता वेंकट नारायण को तमिलनाडु सरकार का दिल्ली में विशेष प्रतिनिधि नियुक्त किए जाने का दावा भी उन्होंने किया।
उन्होंने आगे कहा कि विजय की फिल्म ‘लियो’ के सह-निर्माता जगदीश पलानीसामी को मुख्यमंत्री का निजी सचिव और फिल्म ‘बीस्ट’ के छायाकार मनोज परमहंस को तमिलनाडु फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान का अध्यक्ष बनाया गया है।
उदयकुमार ने मुख्यमंत्री के करीबी बताए जाने वाले जॉन अरोकीयास्वामी और रामकुमार को सरकारी सलाहकार बनाए जाने का भी दावा किया।
ट्रिशा की गूढ़ सोशल मीडिया पोस्ट से बढ़ा सस्पेंस
इसी बीच अभिनेत्री ट्रिशा कृष्णन ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर एक गूढ़ संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा कि “इस उम्र में इस तरह का नाटक शर्मनाक है… जाओ, पैसा कमाओ और शांति पाओ।”
ट्रिशा ने अपनी पोस्ट में किसी व्यक्ति का नाम नहीं लिया, लेकिन यह संदेश उदयकुमार के वीडियो के सामने आने के समय ही साझा किया गया। इससे सोशल मीडिया पर इस पोस्ट को हालिया विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है।
मदुरै में ट्रिशा के प्रशंसक क्लब की ओर से कुछ पोस्टर भी लगाए गए, जिनमें उदयकुमार की टिप्पणी की आलोचना की गई।
उदयनिधि स्टालिन की टिप्पणी से पहले ही गरमाया था विवाद
ट्रिशा को लेकर विवाद की शुरुआत 3 अगस्त को हुई थी। तंजावुर में कावेरी नदी के पानी के बंटवारे को लेकर आयोजित एक रैली में उदयनिधि स्टालिन भाषण दे रहे थे। इसी दौरान भीड़ की ओर से ट्रिशा का नाम लिए जाने के बाद उन्होंने अभिनेत्री को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की।
इसके बाद उनके खिलाफ महिला की गरिमा का अपमान, अश्लीलता और आपराधिक धमकी समेत कई आरोपों में मामला दर्ज किया गया। उदयनिधि को गिरफ्तार किया गया था और बाद में रिहा कर दिया गया।
अब उदयकुमार की ताजा टिप्पणी और ट्रिशा की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद तमिलनाडु की राजनीति और फिल्म जगत में यह विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है।