दैनिक खबरनामा न्यूयॉर्क, 17 जून — वैश्विक रेस्तरां कंपनी यम ब्रांड्स ने अपने प्रतिष्ठित पिज्जा हट कारोबार को 2.7 अरब डॉलर में बेचने के लिए दो अलग-अलग सौदों की घोषणा की है। यह कदम चीन और दुनिया के बाकी हिस्सों में पिज्जा हट के अलग-अलग प्रदर्शन को दर्शाता है।
समझौते के तहत चीन को छोड़कर अमेरिका और अन्य अंतरराष्ट्रीय बाजारों में पिज्जा हट के कारोबार को निजी निवेश फर्म लॉन्गरेंज कैपिटल 1.5 अरब डॉलर में खरीदेगी। वहीं चीन में पिज्जा हट के संचालन को उसके लंबे समय से साझेदार यम चाइना होल्डिंग्स 1.2 अरब डॉलर में अधिग्रहित करेगी।
चीन के बाहर पिज्जा हट का कारोबार पिछले कुछ वर्षों से चुनौतियों का सामना कर रहा है। बढ़ती महंगाई, खाद्य सामग्री की ऊंची लागत और स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता ने ग्राहकों की पसंद को प्रभावित किया है। इसके अलावा वजन घटाने वाली जीएलपी-1 दवाओं के बढ़ते उपयोग ने भी उपभोक्ताओं को अपेक्षाकृत स्वस्थ भोजन विकल्पों की ओर आकर्षित किया है।
अमेरिका में पिज्जा हट की समान स्टोर बिक्री लगातार दस तिमाहियों से गिरावट दर्ज कर रही है। वर्तमान में चीन के बाहर पिज्जा हट के 100 से अधिक देशों में 15,500 से ज्यादा रेस्तरां संचालित हैं।
इसके विपरीत, चीन में पिज्जा हट का प्रदर्शन मजबूत बना हुआ है। देश में इसके 4,375 आउटलेट हैं और स्थानीय बाजार के अनुरूप रणनीति अपनाने से कंपनी को उल्लेखनीय सफलता मिली है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह सौदा वैश्विक ब्रांडों के स्थानीयकरण की बढ़ती प्रवृत्ति को दर्शाता है। स्थानीय उपभोक्ताओं की पसंद के अनुसार उत्पादों और सेवाओं में बदलाव ने चीन में पिज्जा हट को प्रतिस्पर्धा में बढ़त दिलाई है।
यम चाइना ने चीन के लिए विशेष मेन्यू पेश किए हैं, जिनमें ब्लैक ट्रफल युन्नान मशरूम पिज्जा जैसे उत्पाद शामिल हैं। कंपनी ने छोटे प्रारूप वाले स्टोर और कम कीमत वाले भोजन विकल्पों पर भी ध्यान दिया है, जिससे लागत के प्रति संवेदनशील ग्राहकों को आकर्षित किया जा सका।
इन प्रयासों का असर कंपनी के प्रदर्शन में साफ दिखाई दिया है। पिछले वर्ष चीन में पिज्जा हट की बिक्री में 4 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई, जबकि परिचालन लाभ में 19 प्रतिशत का उछाल आया। कंपनी का परिचालन लाभ मार्जिन 7.9 प्रतिशत तक पहुंच गया, जो 2016 के बाद का सर्वोच्च स्तर है।
चीन में पिज्जा हट इस समय देश का सबसे बड़ा कैजुअल डाइनिंग रेस्तरां ब्रांड बन चुका है। कंपनी ने इस वर्ष की पहली तिमाही में 207 नए स्टोर जोड़े और 2028 तक अपने आउटलेट्स की संख्या 6,000 से अधिक करने का लक्ष्य रखा है।
विश्लेषकों का कहना है कि यह सौदा अमेरिकी कंपनियों द्वारा चीन में स्थानीय साझेदारों को अधिक नियंत्रण सौंपने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है। बढ़ती प्रतिस्पर्धा और बदलती उपभोक्ता मांग के बीच स्थानीय कंपनियां बाजार को बेहतर ढंग से समझने और संचालन करने में सक्षम मानी जा रही हैं।
यम ब्रांड्स ने स्पष्ट किया है कि वह अपने प्रमुख ब्रांड केएफसी और टैको बेल को अपने पास रखेगी। कंपनी को उम्मीद है कि सभी नियामकीय मंजूरियां मिलने के बाद यह सौदा 2026 की तीसरी तिमाही तक पूरा हो जाएगा।
साथ ही यम ब्रांड्स और यम चाइना ने केएफसी चाइना के विस्तार और मुख्यभूमि चीन में टैको बेल के विकास के लिए सहयोग जारी रखने पर भी सहमति जताई है।
इस घोषणा के बाद यम ब्रांड्स के शेयरों में लगभग 2 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई, जबकि हांगकांग बाजार में यम चाइना के शेयरों में हल्की गिरावट देखी गई।
यह सौदा केवल एक कारोबारी लेन-देन नहीं, बल्कि वैश्विक खाद्य उद्योग में बदलती उपभोक्ता प्राथमिकताओं और स्थानीयकरण की बढ़ती अहमियत का भी संकेत माना जा रहा है।