एनसी एससी के गिरफ्तारी संबंधी आदेश पर बोले पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष
दैनिक खबरनामा चंडीगढ़, 31 अगस्त: पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (NCSC) द्वारा करीब दस महीने पुराने मामले में पंजाब के अधिकारियों को पांच दिनों के भीतर उनकी गिरफ्तारी के निर्देश दिए जाने को बदले की राजनीति करार दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद कथित तौर पर किए गए ‘शुद्धिकरण’ के मुद्दे से जनता का ध्यान भटकाने के लिए की जा रही है।
NCSC की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति पर प्रतिक्रिया देते हुए वड़िंग ने कहा कि उन्होंने अभी तक आयोग का आदेश नहीं देखा है, लेकिन यह मामला करीब दस महीने पुराना है। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय बूटा सिंह का परिवार उनके अपने परिवार जैसा है और उन्होंने मामले के समय ही माफी मांग ली थी। वड़िंग ने स्पष्ट किया कि उन्होंने बूटा सिंह के बारे में कोई अपमानजनक टिप्पणी नहीं की थी, बल्कि एक विशेष संदर्भ में उनका नाम लिया था।
उन्होंने बताया कि इस मामले सहित अलग-अलग मुद्दों को लेकर वह NCSC के चेयरमैन से दो बार मुलाकात भी कर चुके हैं।
हल्द्वानी की घटना से जोड़कर लगाया आरोप
राजा वड़िंग ने कहा कि मौजूदा गिरफ्तारी निर्देशों का समय यह सवाल खड़ा करता है कि यह कार्रवाई अभी क्यों की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि हल्द्वानी की घटना के बाद भाजपा पर बने जन दबाव के बीच लोगों का ध्यान भटकाने के लिए पुराने मामले को दोबारा सामने लाया गया है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा हल्द्वानी में रैली को संबोधित किए जाने के बाद वहां आरएसएस-भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा कथित तौर पर ‘शुद्धिकरण’ किया गया। वड़िंग ने इसे दलित नेता के प्रति भेदभाव और छुआछूत से जुड़ा गंभीर मामला बताया।
‘दोषियों पर FIR के बजाय राहुल गांधी पर FIR’
वड़िंग ने कहा कि कांग्रेस ने इस मुद्दे को संसद में उठाया और राहुल गांधी ने कथित ‘शुद्धिकरण’ करने वालों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्रवाई उन लोगों के खिलाफ करने के बजाय, उत्तराखंड की भाजपा सरकार ने राहुल गांधी के खिलाफ ही FIR दर्ज कर दी।
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस द्वारा हल्द्वानी के ‘शुद्धिकरण’ मामले में दोषियों के खिलाफ FIR की मांग किए जाने के बाद ही पुराने मामले को लेकर उनके खिलाफ कार्रवाई का निर्देश देना राजनीतिक दबाव की रणनीति का हिस्सा है।
‘राजनीतिक दबाव से डरने वाली नहीं कांग्रेस’
वड़िंग ने यह भी कहा कि पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग द्वारा पहले उनके खिलाफ जारी किए गए एक आदेश पर अदालत रोक लगा चुकी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राजनीतिक चालों और दबाव की रणनीतियों से डरने वाली नहीं है।
उन्होंने भाजपा से सवाल किया कि अगर हल्द्वानी में किसी दलित नेता द्वारा रैली को संबोधित करना सामान्य लोकतांत्रिक प्रक्रिया है, तो सिर्फ इसी वजह से कार्यक्रम स्थल का ‘शुद्धिकरण’ क्यों किया गया।
वड़िंग ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को जनता के सामने उठाती रहेगी और यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव लोकतांत्रिक व कानूनी रास्ता अपनाएगी कि कथित ‘शुद्धिकरण’ करने वालों को उनके कृत्य के लिए जवाबदेह ठहराया जाए और कानून के अनुसार कार्रवाई हो।