पंजाब 1 फरवरी 2026 (दैनिक खबरनामा ) पंजाब जब ज़्यादातर किशोर IELTS, वीज़ा और विदेश जाने के सपने देख रहे होते हैं, तब पंजाब के बरनाला जिले के सेहना गांव का 18 साल का Sohalpreet Singh Sidhu अपने डेयरी फार्म से हर महीने 5–6 लाख रुपये कमा रहा है — और मज़े की बात ये कि वो पैसा खर्च नहीं, बल्कि फिर से अपने काम में लगा रहा है।विदेश नहीं, गांव ही भविष्य इस जनवरी 18 साल का हुआ Sohalpreet न तो विदेश की यूनिवर्सिटी के फॉर्म भर रहा है और न ही एजेंटों के चक्कर काट रहा है। 12वीं ओपन स्कूलिंग से पास Sohalpreet का साफ कहना है भविष्य खेत और पशुओं में है, माइग्रेशन में नहीं।वह आने वाले सत्र में वेटरनरी कोर्स में दाख़िला लेने की तैयारी कर रहा है ताकि पढ़ाई और प्रैक्टिकल ज्ञान साथ-साथ चल सके।
15 साल में शुरू हुआ सपनाbSohalpreet की डेयरी जर्नी 15 साल की उम्र में शुरू हुई। परिवार के पास पहले से 4–5 भैंसें थीं, लेकिन अगस्त 2023 में उसने परिवार को मना कर 1.20 लाख रुपये की अपनी पहली भैंस खरीदी।पहले साल की पूरी कमाई उसने एक भी रुपया खर्च किए बिना नई भैंसें खरीदने में लगा दी।
3 साल में 120 पशुओं का फार्म आज Sohalpreet के पास कुल मिलाकर करीब 120 पशु हैं, जिनमें शामिल हैं 53 मुर्रा भैंसें
2 नीली-रावी भैंसें 12 HF गायें 2 जर्सी और 1 साहीवाल करीब 50 बछड़े-बछड़ियां फिलहाल 50–55 पशु दूध दे रहे हैं, जबकि 15–20 गर्भवती हैं। अगले साल तक Sohalpreet को उम्मीद है कि करीब 100 पशु मिल्किंग में होंगे।मैनेजमेंट भी प्रोफेशनल
Sohalpreet कैश-फ्लो बनाए रखने के लिए गर्भवती और दूध देने वाले पशुओं का संतुलन बनाए रखता है। जल्द ही वह अपनी कमाई से 30 और भैंसें खरीदने की योजना बना रहा है।
सपना बड़ा है मेरा सपना है कि एक दिन मेरे पास 500–550 भैंसों का फार्म हो,Sohalpreet मुस्कराते हुए कहता है और उसे देखकर लगता है, ये सपना ज़्यादा दूर नहीं।