देश में जारी युद्ध के दौरान अंतरराष्ट्रीय कानून के संभावित उल्लंघनों की होगी जांच
दैनिक खबरनामा। जिनेवा/बेरूत, 10 जून : संयुक्त राष्ट्र का मानवाधिकार कार्यालय अगले सप्ताह लेबनान में जांच अधिकारियों की एक टीम भेजेगा। संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार उच्चायुक्त वोल्कर टुर्क ने यह जानकारी देते हुए कहा कि यह दल देश में जारी युद्ध के दौरान सभी पक्षों द्वारा अंतरराष्ट्रीय कानून के संभावित उल्लंघनों का आकलन करेगा।
यह जांच दल संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेगा और यह पता लगाएगा कि युद्ध के दौरान मानवाधिकारों तथा अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का पालन किया गया है या नहीं।
लेबनान 2 मार्च को व्यापक पश्चिम एशियाई संघर्ष का हिस्सा बन गया था, जब हिज़्बुल्लाह के सशस्त्र लड़ाकों ने ईरान के समर्थन में इज़राइल पर रॉकेट दागे थे। उस समय ईरान पर अमेरिका और इज़राइल के हमले चल रहे थे। इसके बाद इज़राइल ने लेबनान में बड़े पैमाने पर हवाई और जमीनी सैन्य अभियान शुरू कर दिया।
लेबनान के अनुसार, इज़राइली हमलों में अब तक 3,600 से अधिक लोगों की मृत्यु हो चुकी है, जबकि 10 लाख से अधिक लेबनानी नागरिक अपने घर छोड़ने पर मजबूर हुए हैं और विस्थापित जीवन जी रहे हैं।
अमेरिका ने 16 अप्रैल को युद्धविराम की घोषणा की थी, लेकिन इसके बावजूद लड़ाई पूरी तरह नहीं रुकी। लेबनान का कहना है कि युद्धविराम की घोषणा के बाद से भी इज़राइल लगभग 3,500 हवाई हमले कर चुका है।
संयुक्त राष्ट्र की यह जांच युद्ध के दौरान हुई घटनाओं और मानवाधिकार उल्लंघनों के आरोपों की पड़ताल करेगी तथा भविष्य में जवाबदेही तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।