दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 16 जुलाई 2026. मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की महत्वाकांक्षी ‘माँवां धियां सत्कार योजना’ को राज्यभर में व्यापक जनसमर्थन मिल रहा है। योजना के तहत लाभार्थियों के पंजीकरण के मामले में लुधियाना जिला पूरे पंजाब में सबसे आगे रहा है, जहां अब तक 7.4 लाख लाभार्थियों का पंजीकरण किया जा चुका है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, लुधियाना के बाद पटियाला 5.3 लाख लाभार्थियों के साथ दूसरे स्थान पर है। इसके अलावा अमृतसर में 4.9 लाख, जालंधर में 4.8 लाख, गुरदासपुर में 4.4 लाख तथा होशियारपुर में 4.2 लाख लाभार्थियों का पंजीकरण दर्ज किया गया है। दूसरी ओर, मालेरकोटला जिला 1.3 लाख लाभार्थियों के साथ सूची में सबसे नीचे रहा।
14 जुलाई 2026 तक राज्यभर में इस योजना के तहत कुल 68.9 लाख लाभार्थियों का पंजीकरण किया जा चुका है, जो योजना की बढ़ती लोकप्रियता और प्रभावशीलता को दर्शाता है।
पंजाब की सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि लुधियाना, पटियाला, अमृतसर, जालंधर, गुरदासपुर और होशियारपुर जैसे जिलों में अधिक पंजीकरण के पीछे बड़ी आबादी, मजबूत प्रशासनिक ढांचा और सरकारी योजनाओं के प्रति लोगों की बढ़ती जागरूकता प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि योजना को सफल बनाने के लिए पूरी सरकारी मशीनरी समन्वित रूप से कार्य कर रही है।
मंत्री ने बताया कि इन जिलों में शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों की आबादी अधिक होने के साथ-साथ पात्र परिवारों की संख्या भी ज्यादा है। इसके अलावा जन्म पंजीकरण, आधार कार्ड, बैंक खातों और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की उपलब्धता ने भी पात्र परिवारों को योजना से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला प्रशासन, स्थानीय निकायों और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं ने व्यापक जागरूकता अभियान चलाए। घर-घर संपर्क और आवेदन प्रक्रिया में सहयोग के कारण बड़ी संख्या में परिवार योजना से जुड़ पाए हैं।
सरकार का मानना है कि यह योजना बेटियों और महिलाओं के सम्मान तथा सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो रही है। अधिकारियों के अनुसार आने वाले समय में और अधिक पात्र परिवारों को योजना के दायरे में लाने के प्रयास जारी रहेंगे।
पंजीकरण में शीर्ष छह जिले
1. लुधियाना — 7.4 लाख
2. पटियाला — 5.3 लाख
3. अमृतसर — 4.9 लाख
4. जालंधर — 4.8 लाख
5. गुरदासपुर — 4.4 लाख
6. होशियारपुर — 4.2 लाख
कुल पंजीकृत लाभार्थी (14 जुलाई 2026 तक): 68.9 लाख