दैनिक खबरनामा
15 जुलाई चंडीगढ़: पंजाब कांग्रेस में जारी अंदरूनी हलचल के बीच पार्टी संगठन में बड़े बदलाव की अटकलें तेज हो गई हैं। सूत्रों के अनुसार, प्रताप सिंह बाजवा को पंजाब कांग्रेस का नया प्रदेश अध्यक्ष बनाया जा सकता है। इसी क्रम में मंगलवार को राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच हुई बैठक के बाद बाजवा को बुधवार को अचानक दिल्ली तलब किया गया है।
जानकारी के मुताबिक, मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष राजा वड़िंग अपने पद से इस्तीफा दे सकते हैं। वहीं, पार्टी नेतृत्व पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के खिलाफ भी सख्त रुख अपना सकता है और उन पर कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
प्रताप सिंह बाजवा का नाम कई कारणों से मजबूत दावेदार के रूप में सामने आ रहा है। पार्टी में चल रही खींचतान के दौरान उन्होंने किसी भी गुट का खुलकर समर्थन नहीं किया। वह कांग्रेस के पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल से भी मिले, राजा वड़िंग के साथ भी नजर आए और बाद में बघेल तथा चन्नी समर्थक नेताओं की बैठक में भी शामिल हुए। ऐसे में उन्हें गुटबाजी से अलग और संतुलित नेता के तौर पर देखा जा रहा है।
एक अन्य महत्वपूर्ण कारण यह भी माना जा रहा है कि वर्ष 2017 में कांग्रेस ने उन्हें प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाकर कैप्टन अमरिंदर सिंह को यह जिम्मेदारी सौंपी थी। बाद में विधानसभा चुनाव में जीत के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह ही मुख्यमंत्री बने। बाजवा लंबे समय से पार्टी नेतृत्व के सामने यह नाराजगी जताते रहे हैं कि मेहनत उनके हिस्से आती है, जबकि उसका राजनीतिक लाभ किसी और को मिल जाता है। माना जा रहा है कि कांग्रेस हाईकमान इस बार उनकी इस नाराजगी को दूर करने की कोशिश कर सकता है।
उधर, राहुल गांधी ने कांग्रेस के पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल को भी रायपुर से दिल्ली बुलाया है, जहां पार्टी नेतृत्व के साथ उनकी बैठक जारी है।