नई दिल्ली 14 जनवरी (दैनिक खबरनामा) नई दिल्ली।
नेपाल और भूटान से सटी बाड़-रहित भारतीय सीमाओं की सुरक्षा में तैनात सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने शराब की लत से ग्रस्त जवानों के खिलाफ कड़ा अभियान शुरू किया है। बल ने ऐसे करीब 50 मामलों की पहचान की है, जिनमें जवानों को सेवा से हटाने की प्रक्रिया आरंभ कर दी गई है।
अधिकारियों के अनुसार, चिकित्सकीय और कानूनी प्रक्रियाओं के बाद 8 से 10 कर्मियों को पिंक स्लिप दी जा चुकी है, जबकि शेष मामलों में कार्रवाई जारी है। यह कदम उन जवानों के खिलाफ उठाया गया है, जो लंबे समय से अत्यधिक शराब सेवन के आदी पाए गए और शराब निर्भरता सिंड्रोम (Alcohol Dependence Syndrome – ADS) से पीड़ित हैं।सुरक्षा के लिए खतरा माने जा रहे जवान
सूत्रों का कहना है कि ऐसे कर्मी न केवल अपनी सुरक्षा बल्कि साथ तैनात जवानों और सीमा सुरक्षा व्यवस्था के लिए भी खतरा बन सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए SSB नेतृत्व ने इन मामलों पर तत्काल और निर्णायक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।महानिदेशक के निर्देश पर कार्रवाई SSB के महानिदेशक ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अनुशासन और सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बल के भीतर अनुशासन बनाए रखने और सीमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ADS से पीड़ित जवानों को सेवा में बनाए रखना उचित नहीं माना गया है।अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में ऐसे मामलों की और समीक्षा की जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर अभियान को और तेज किया जाएगा।

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