पंजाब 9 फरवरी 2026(दैनिक खबरनामा) पंजाब के मोहाली नगर निगम (MC) की हाउस बैठक सोमवार को जमकर हंगामेदार रही। बैठक के दौरान कई पार्षदों ने शहर में बी-रोड पर मैकेनिकल स्वीपिंग बंद होने और रिहायशी व सार्वजनिक क्षेत्रों में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे होने का मुद्दा जोर-शोर से उठाया। पार्षदों ने आरोप लगाया कि सफाई का काम पुराने ठेकेदार से वापस लेकर दूसरे ठेकेदार को दे दिया गया, जिसके बाद व्यवस्था बिगड़ गई।
बैठक में पार्षदों ने कूड़ा निस्तारण की लंबे समय से लंबित समस्या पर नगर निगम अधिकारियों को घेरा। फेज-11 के पार्षद कुलवंत सिंह कालेर ने कहा कि नगर निगम कमिश्नर और डिप्टी कमिश्नर की भूमिका सिर्फ मीडिया में बयान देने तक सीमित रह गई है, जबकि जमीनी स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही। उन्होंने कहा कि दो साल से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन कचरा निपटान का समाधान नहीं निकला।वहीं वार्ड पार्षद मनजीत सिंह सेठी ने कहा कि नगर निगम शहर की सफाई व्यवस्था संभालने में असफल साबित हो रहा है और नए शामिल किए गए क्षेत्रों में सफाई करना तो दूर की बात है। उन्होंने मांग की कि नई योजनाएं शुरू करने से पहले निगम को पर्याप्त मैनपावर और मशीनरी की व्यवस्था करनी चाहिए।बैठक में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या भी प्रमुख मुद्दा रही। मेयर अमरजीत सिंह सिद्धू ने कहा कि शहर में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे लोगों में डर का माहौल है और काटने की घटनाएं बढ़ रही हैं। मेयर ने इस संबंध में नगर निगम कमिश्नर को पत्र लिखकर तुरंत कार्रवाई की मांग की है।मेयर ने सुझाव दिया कि पंजाब होमगार्ड्स कैनाइन ट्रेनिंग एंड ब्रीडिंग इंस्टीट्यूट, सुंदरां गांव (मोहाली) के साथ तालमेल कर वहां उपलब्ध 16 एकड़ सरकारी भूमि पर अस्थायी तौर पर आवारा कुत्तों को रखने की संभावना पर विचार किया जाए, ताकि शहर में डॉग बाइट की घटनाओं में कमी लाई जा सके।