दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 17 अगस्त 2026. पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा, जो कर्मचारियों से जुड़े मामलों और शिकायतों के समाधान के लिए गठित कैबिनेट उप-समिति के अध्यक्ष भी हैं, ने आज परिवहन एवं जल आपूर्ति विभाग की कर्मचारी यूनियनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठकें कर उनकी मांगों और समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की।
पंजाब रोडवेज-पनबस/पीआरटीसी कांट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन, ग्राम पंचायत जल आपूर्ति पंप ऑपरेटर एसोसिएशन और सोशल इंप्लाइज यूनियन के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठकों के दौरान आउटसोर्स कर्मचारियों को सीधे ठेका आधारित रोजगार व्यवस्था में लाने से संबंधित मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया।
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि संबंधित विधेयक पारित होने के बाद विभागों द्वारा आवश्यक प्रशासनिक प्रक्रियाएं पूरी की जा रही हैं और इन्हें जल्द अंतिम रूप दे दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार पात्र आउटसोर्स कर्मचारियों को नई कानूनी व्यवस्था का लाभ दिलाने के लिए प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है।
संबंधित विभागों के अधिकारियों को प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश देते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि पूरी कार्रवाई पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि पात्र आउटसोर्स कर्मचारियों को नई व्यवस्था का लाभ लेने के लिए अनावश्यक देरी का सामना न करना पड़े।
यूनियन प्रतिनिधियों ने कैबिनेट उप-समिति के समक्ष अपनी चिंताएं और मांगें रखते हुए आउटसोर्स कर्मचारियों को ठेका आधारित रोजगार में बदलने से संबंधित प्रावधानों को समय पर लागू करने की मांग की। इस पर वित्त मंत्री ने आश्वासन दिया कि पंजाब सरकार विधेयक को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठा रही है और पात्र कर्मचारियों को इसके तहत मिलने वाले लाभ सुनिश्चित किए जाएंगे।
बैठकों में वरिंदर सिंह मोमी, रेशम सिंह गिल, शमशेर सिंह, हरकेश कुमार, रोही राम, बलजीत सिंह, बलविंदर सिंह राठ, जगजीत सिंह, जतिंदर सिंह, रणजीत सिंह, सुरजीत कौर, जसदीप सिंह और बलजीत सिंह सहित विभिन्न कर्मचारी यूनियनों के प्रमुख नेता उपस्थित रहे।