दैनिक खबरनामा | चंडीगढ़, 24 जून 2026. पंजाब में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत विजिलेंस ब्यूरो ने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग से जुड़े दो अधिकारियों को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। खरीफ सीजन 2025-26 के दौरान कस्टम मिलिंग के लिए आवंटित धान के भंडारण कार्य को पूरा कराने के एवज में रिश्वत मांगने और लेने के आरोप में भोगपुर, जिला जालंधर में तैनात इंस्पेक्टर रजनीश रामपाल और जिला नियंत्रक, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, जालंधर कार्यालय में कार्यरत जूनियर ऑडिटर मानव भनोट को काबू किया गया है।
विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता के अनुसार यह कार्रवाई मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान सरकार की भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति के तहत की गई है। मामला मुख्यमंत्री की भ्रष्टाचार विरोधी एक्शन लाइन पोर्टल पर चीमा मंडी, तहसील सुनाम, जिला संगरूर निवासी एक व्यक्ति द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर सामने आया।
जांच के दौरान पाया गया कि इंस्पेक्टर रजनीश रामपाल ने शिकायतकर्ता के शैलर में धान भंडारण कार्य पूरा कराने के लिए पहली किस्त के रूप में 50 हजार रुपये रिश्वत ली थी। इसके बाद उसने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग, भोगपुर में तैनात एएफएसओ गुरविंदर सिंह के नाम पर दूसरी किस्त के तौर पर 20 हजार रुपये और वसूले।
इसी प्रकार जूनियर ऑडिटर मानव भनोट पर आरोप है कि उसने अपने लिए तथा जिला नियंत्रक नरेंद्र सिंह के नाम पर शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये रिश्वत के रूप में लिए। शिकायतकर्ता द्वारा तैयार की गई वीडियो रिकॉर्डिंग में दोनों आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि होने के बाद विजिलेंस ब्यूरो ने कार्रवाई की।
इस संबंध में दोनों आरोपियों के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो थाना जालंधर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। ब्यूरो ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों की संभावित भूमिका की भी गहनता से जांच की जाएगी। मामले की आगे की जांच जारी है।