दैनिक खबरनामा 1 मई 2026 हरियाणा में शहरी स्थानीय निकाय विभाग और कर्मचारी संघ के बीच जारी खींचतान अब बड़े टकराव में बदल गई है। चंडीगढ़ में विभाग के उच्च अधिकारियों और कर्मचारी नेताओं के बीच हुई लंबी मैराथन वार्ता बेनतीजा रहने के बाद आज से प्रदेशभर के करीब 30 हजार निकाय कर्मी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं।वार्ता में हरियाणा सर्व कर्मचारी संघ के राज्य प्रधान और नगर पालिका कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष नरेश शास्त्री के नेतृत्व में 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने हिस्सा लिया। उन्होंने शहरी स्थानीय निकाय विभाग के आयुक्त एवं सचिव अशोक मीना के सामने अपनी मांगें मजबूती से रखीं, लेकिन सरकार की ओर से कोई ठोस आश्वासन न मिलने के कारण सहमति नहीं बन सकी।कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में सीवरेज से जुड़े ठेका कर्मचारियों को पक्का करना, ठेका प्रथा समाप्त करना, न्यूनतम वेतन ₹30,000 तय करना और गुरुग्राम के 3,480 कर्मचारियों की बहाली शामिल है। इसके अलावा आंदोलन के दौरान प्रभावित कर्मचारियों को भी बहाल करने की मांग की गई है।बैठक के दौरान सचिव अशोक मीना ने प्रदेश में चल रहे विशेष सफाई अभियान का हवाला देते हुए कर्मचारियों से हड़ताल वापस लेने की अपील की, लेकिन कर्मचारी नेताओं ने इसे खारिज कर दिया। नरेश शास्त्री ने स्पष्ट कहा कि लंबे समय से केवल आश्वासन मिल रहे हैं, इसलिए अब आंदोलन ही एकमात्र विकल्प बचा है।इस हड़ताल में सफाई और सीवरेज सहित सभी निकाय कर्मचारी शामिल हैं, जिससे प्रदेश के शहरों में सफाई व्यवस्था और सीवरेज प्रबंधन पर गंभीर असर पड़ने की आशंका है।