दैनिक खबरनामा 13 अप्रैल 2026 सुनहरे भविष्य और रोजगार की तलाश में विदेश जाने वाले पंजाब के युवाओं के लिए एक बार फिर चेतावनी भरी घटना सामने आई है। जालंधर, मोहाली और तरनतारन के तीन युवक फर्जी ट्रैवल एजेंटों के झांसे में आकर रूस पहुंच गए, जहां उन्हें भारी मुश्किलों और यातनाओं का सामना करना पड़ा। हालांकि अब तीनों युवक सुरक्षित अपने वतन लौट आए हैं। उनकी वापसी राज्यसभा सदस्य संत बलबीर सिंह सीचेवाल के प्रयासों से संभव हो पाई।जालंधर के नकोदर निवासी अशोक कुमार ने सुल्तानपुर लोधी स्थित निर्मल कुटिया पहुंचकर सीचेवाल का आभार जताया। अशोक ने बताया कि उसे रूस में जेल में डाल दिया गया था, जहां बिताए गए 22 दिन उसके लिए 22 सदियों जैसे थे। जेल में बेहद कम खाना दिया जाता था और कई बार कैदियों को करंट भी लगाया जाता था। उसने यह भी दावा किया कि वहां दिए जाने वाले खाने के बाद गहरी नींद आ जाती थी, जिससे शक होता है कि उसमें कोई नशीला पदार्थ मिलाया जाता था।अशोक के मुताबिक, वह 19 जनवरी को 3 लाख रुपये खर्च कर मॉस्को गया था। एजेंट ने उसे 90 हजार से 1 लाख रुपये मासिक वेतन, रहने-खाने की सुविधा और एक साल की नौकरी का झांसा दिया था, लेकिन वहां पहुंचने पर सभी वादे झूठ साबित हुए। दो महीने काम करवाने के बाद 13 मार्च को कंपनी मालिक ने उसे और उसके साथियों को पुलिस के हवाले कर दिया।सीचेवाल ने युवाओं से अपील की है कि वे फर्जी ट्रैवल एजेंटों से सावधान रहें और विदेश जाने के लिए केवल अधिकृत एजेंटों का ही सहारा लें। उन्होंने चेतावनी दी कि कई मामलों में एजेंट युवाओं को बंधक बनाकर उनके परिवार से पैसे भी वसूलते हैं।