दैनिक खबर नमस्कार 2026 पंजाब में नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल लगातार तेज होती जा रही है। मोहाली, अमृतसर और पटियाला के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में करीब 1500 नर्सिंग कर्मचारी 26 मार्च से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। उनकी मुख्य मांग 4600 रुपये ग्रेड-पे की बहाली है, जिसे वर्ष 2021 में घटाकर 2800 रुपये कर दिया गया था। इस फैसले से उनकी सैलरी पर बड़ा असर पड़ा है, जिससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी है।स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने ‘ईस्ट पंजाब एसेंशियल सर्विसेज (मेंटेनेंस) एक्ट, 1947’ यानी ESMA लागू कर दिया है। इसके तहत हड़ताल पर गए कर्मचारियों को तुरंत ड्यूटी पर लौटने के आदेश दिए गए हैं। हालांकि नर्सिंग स्टाफ ने इन आदेशों को मानने से इनकार कर दिया है और अपना आंदोलन जारी रखने का फैसला लिया है।यूनाइटेड नर्सेज एसोसिएशन ऑफ पंजाब के नेतृत्व में चल रहे इस प्रदर्शन के बारे में प्रदेश अध्यक्ष रमनजीत सिंह गिल ने कहा कि यह हड़ताल अचानक नहीं है, बल्कि पिछले 5-6 वर्षों से लंबित मांगों को लेकर कई बार सरकार से बातचीत की जा चुकी है। कई बैठकों में उनकी मांग को जायज भी माना गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला।नर्सिंग स्टाफ का कहना है कि जब तक 4600 ग्रेड-पे बहाल नहीं किया जाता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर सरकार जल्द निर्णय नहीं लेती, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।