दैनिक ख़बरनामा 21 अप्रैल 2026 मोहाली क्षेत्र में पंचायत की जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर एक बार फिर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। शिकायतकर्ता रेशमा ने लिखित शिकायत में आरोप लगाया है कि वर्ष 2021 से लगातार शिकायतें देने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
रेशमा के अनुसार, उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचित किया कि उनके गांव पल्लनपुर (ब्लॉक खरड़) की पंचायत जमीन पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है। इससे न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि गांव के विकास कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।उन्होंने बताया कि इस मामले की जानकारी बीडीओ और अन्य अधिकारियों को भी दी गई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला। रेशमा का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारी अपनी ड्यूटी निभाने में नाकाम रहे हैं। अब उन्होंने दोबारा शिकायत देकर जल्द न्याय और कब्जा हटाने की मांग की है।
रेशमा के मुताबिक, वर्ष 2021 में ही उन्होंने पहली बार यह मुद्दा उठाया था, जब पंचायत जमीन पर कब्जा शुरू हुआ था। उस समय संबंधित विभाग को लिखित शिकायत देकर मौके की जांच की मांग की गई थी। इसके बाद भी कई बार अधिकारियों से संपर्क किया गया, लेकिन हर बार मामले को टाल दिया गया।उन्होंने कहा कि बीडीओ और एसडीएम खरड़ सहित कई अधिकारियों को जानकारी देने के बावजूद किसी ने भी मौके पर पहुंचकर कार्रवाई नहीं की, जिससे कब्जाधारियों के हौसले और बढ़ गए हैं।रेशमा ने बताया कि इस विवाद के कारण गांववासियों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पंचायत की जमीन आम लोगों के उपयोग के लिए होती है, लेकिन कब्जे के कारण इसका सही इस्तेमाल नहीं हो पा रहा।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वह उच्च अधिकारियों और अदालत का दरवाजा खटखटाने के लिए मजबूर होंगी।हाईकोर्ट के आदेशों के बावजूद नहीं हुई कार्रवाईरेशमा के अनुसार, उन्होंने इस मामले को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। हाईकोर्ट ने संबंधित पंचायत और बीडीपीओ को एक सप्ताह के भीतर अवैध कब्जा हटाकर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए थे। लेकिन एक साल बीत जाने के बावजूद न पंचायत और न ही बीडीपीओ की ओर से कोई कार्रवाई की गई।
रेशमा ने बताया कि गली में अवैध कब्जे के कारण पानी का रुख उनके घर की ओर मुड़ गया है, जिससे उनके घर को नुकसान पहुंच रहा है।
दैनिक ख़बरनामा 21 अप्रैल 2026 मोहाली क्षेत्र में पंचायत की जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर एक बार फिर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। शिकायतकर्ता रेशमा ने लिखित शिकायत में आरोप लगाया है कि वर्ष 2021 से लगातार शिकायतें देने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
रेशमा के अनुसार, उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचित किया कि उनके गांव पल्लनपुर (ब्लॉक खरड़) की पंचायत जमीन पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है। इससे न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि गांव के विकास कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।उन्होंने बताया कि इस मामले की जानकारी बीडीओ और अन्य अधिकारियों को भी दी गई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला। रेशमा का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारी अपनी ड्यूटी निभाने में नाकाम रहे हैं। अब उन्होंने दोबारा शिकायत देकर जल्द न्याय और कब्जा हटाने की मांग की है।
रेशमा के मुताबिक, वर्ष 2021 में ही उन्होंने पहली बार यह मुद्दा उठाया था, जब पंचायत जमीन पर कब्जा शुरू हुआ था। उस समय संबंधित विभाग को लिखित शिकायत देकर मौके की जांच की मांग की गई थी। इसके बाद भी कई बार अधिकारियों से संपर्क किया गया, लेकिन हर बार मामले को टाल दिया गया।उन्होंने कहा कि बीडीओ और एसडीएम खरड़ सहित कई अधिकारियों को जानकारी देने के बावजूद किसी ने भी मौके पर पहुंचकर कार्रवाई नहीं की, जिससे कब्जाधारियों के हौसले और बढ़ गए हैं।रेशमा ने बताया कि इस विवाद के कारण गांववासियों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पंचायत की जमीन आम लोगों के उपयोग के लिए होती है, लेकिन कब्जे के कारण इसका सही इस्तेमाल नहीं हो पा रहा।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वह उच्च अधिकारियों और अदालत का दरवाजा खटखटाने के लिए मजबूर होंगी।हाईकोर्ट के आदेशों के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई रेशमा के अनुसार, उन्होंने इस मामले को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। हाईकोर्ट ने संबंधित पंचायत और बीडीपीओ को एक सप्ताह के भीतर अवैध कब्जा हटाकर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए थे। लेकिन एक साल बीत जाने के बावजूद न पंचायत और न ही बीडीपीओ की ओर से कोई कार्रवाई की गई।
रेशमा ने बताया कि गली में अवैध कब्जे के कारण पानी का रुख उनके घर की ओर मुड़ गया है, जिससे उनके घर को नुकसान पहुंच रहा है।
दैनिक ख़बरनामा 21 अप्रैल 2026 मोहाली क्षेत्र में पंचायत की जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर एक बार फिर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। शिकायतकर्ता रेशमा ने लिखित शिकायत में आरोप लगाया है कि वर्ष 2021 से लगातार शिकायतें देने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
रेशमा के अनुसार, उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों को सूचित किया कि उनके गांव पल्लनपुर (ब्लॉक खरड़) की पंचायत जमीन पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है। इससे न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि गांव के विकास कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।उन्होंने बताया कि इस मामले की जानकारी बीडीओ और अन्य अधिकारियों को भी दी गई, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन ही मिला। रेशमा का कहना है कि जिम्मेदार अधिकारी अपनी ड्यूटी निभाने में नाकाम रहे हैं। अब उन्होंने दोबारा शिकायत देकर जल्द न्याय और कब्जा हटाने की मांग की है।
रेशमा के मुताबिक, वर्ष 2021 में ही उन्होंने पहली बार यह मुद्दा उठाया था, जब पंचायत जमीन पर कब्जा शुरू हुआ था। उस समय संबंधित विभाग को लिखित शिकायत देकर मौके की जांच की मांग की गई थी। इसके बाद भी कई बार अधिकारियों से संपर्क किया गया, लेकिन हर बार मामले को टाल दिया गया।
उन्होंने कहा कि बीडीओ और एसडीएम खरड़ सहित कई अधिकारियों को जानकारी देने के बावजूद किसी ने भी मौके पर पहुंचकर कार्रवाई नहीं की, जिससे कब्जाधारियों के हौसले और बढ़ गए हैं।
रेशमा ने बताया कि इस विवाद के कारण गांववासियों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पंचायत की जमीन आम लोगों के उपयोग के लिए होती है, लेकिन कब्जे के कारण इसका सही इस्तेमाल नहीं हो पा रहा।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वह उच्च अधिकारियों और अदालत का दरवाजा खटखटाने के लिए मजबूर होंगी।हाईकोर्ट के आदेशों के बावजूद नहीं हुई कार्रवाईरेशमा के अनुसार, उन्होंने इस मामले को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। हाईकोर्ट ने संबंधित पंचायत और लिए बीडीपीओ को एक सप्ताह के भीतर अवैध कब्जा हटाकर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए थे। लेकिन एक साल बीत जाने के बावजूद न पंचायत और न ही बीडीपीओ की ओर से कोई कार्रवाई की गई।
रेशमा ने बताया कि गली में अवैध कब्जे के कारण पानी का रुख उनके घर की ओर मुड़ गया है, जिससे उनके घर को नुकसान पहुंच रहा है।